कवर्धा (छत्तीसगढ़): जिले में विकास कार्यों की जमीनी हकीकत और विभागीय कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करने वाला एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है। यहां पीएम जनमन योजना के तहत बनाई गई एक नई सड़क और पुलिया के ठीक बीचों-बीच 11 हजार वोल्ट का हाईटेंशन विद्युत पोल छोड़ दिया गया है। लोगों की सुरक्षित आवाजाही के लिए बनी यह सड़क अब खुद बड़े हादसों को खुला न्योता दे रही है।
निर्माण कार्य का विवरण :
- योजना का नाम: पीएम जनमन योजना (पैकेज क्रमांक CG-09-134)
- मार्ग: चिमरा से बरभावर मिडिल स्कूल तक
- लंबाई: लगभग 3 किलोमीटर
- लागत: करीब 2 करोड़ 6 लाख रुपये
- निर्माण अवधि: मार्च 2024 में शुरू, मार्च 2025 तक पूरा होना प्रस्तावित
सर्वे और विभागीय समन्वय की खुली पोल :
तस्वीरों ने निर्माण कार्य से पहले किए जाने वाले सर्वे और विभागों के बीच समन्वय की पूरी तरह से पोल खोल दी है। सीसी रोड और पुलिया का निर्माण कर दिया गया, लेकिन ठीक बीच में खड़े 11 हजार वोल्ट के हाईटेंशन पोल को शिफ्ट करने की जहमत किसी ने नहीं उठाई। यह स्थिति स्पष्ट करती है कि ठेकेदार और संबंधित अधिकारियों ने मौके की वास्तविक स्थिति को पूरी तरह से नजरअंदाज किया है।
रात में बन सकता है जानलेवा दुर्घटना का कारण :
ग्रामीणों का कहना है कि सड़क के बीच खड़ा यह पोल न सिर्फ आवागमन में भारी बाधा बन रहा है, बल्कि यह एक ‘टाइम बम’ की तरह है।
- दुर्घटना की आशंका: रात के अंधेरे में तेज रफ्तार दोपहिया वाहन या बड़े भारी वाहन आसानी से इस पोल का शिकार हो सकते हैं।
- करंट का खतरा: 11 हजार वोल्ट की लाइन होने के कारण किसी भी मामूली टक्कर से बड़ा और जानलेवा हादसा हो सकता है।
ग्रामीणों की मांग और प्रशासन से सीधे सवाल :
इस भारी लापरवाही के बाद ग्रामीणों ने मामले की जांच और जिम्मेदारी तय करने की मांग उठाई है। ग्रामीणों और आम जनता के प्रशासन से सीधे सवाल हैं :
- योजना बनाते और सर्वे करते समय अधिकारियों ने मौजूद पोल को संज्ञान में क्यों नहीं लिया?
- यदि पोल को बाद में शिफ्ट करना था, तो करोड़ों का निर्माण कार्य पूरा होने तक का इंतजार क्यों किया गया?
- निर्माण के बाद क्या किसी वरिष्ठ अधिकारी ने मौके का निरीक्षण कर सड़क की सुरक्षा जांची?
सरकारी योजना के तहत करोड़ों रुपये खर्च होने के बाद भी यह लापरवाही कई सवाल खड़े करती है। अब देखना यह है कि प्रशासन इस गंभीर खतरे को हटाकर सुरक्षित स्थान पर कब शिफ्ट करता है और इस लापरवाही के लिए किसकी जिम्मेदारी तय की जाती है।



