‘RTO ई-चालान’ के नाम पर फर्जी APK फाईल भेजकर करते थे मोबाईल हैक, फिर देते थे ठगी को अंजाम, पुलिस ने राजस्थान से किया गिरफ्तार।

रायपुर : अलग-अलग प्रकार के ठगी के तरीकों से लोगों की जीवनभर की पूंजी का नुकसान लगातार हो रहा है, ऐसे में पुलिस आरोपियों को पकड़ने में कोई कसर नहीं छोड़ रही है। राजस्थान में बैठकर देशभर में ऑनलाईन ठगी करने वाले अंतरराज्यीय साइबर गिरोह के दो आरोपियों को रायपुर पुलिस ने गिरफ्तार किया है। ये सभी आरोपी आरटीओ चालान के नाम से फर्जी एसएमएस भेजकर लोगों का मोबाइईल हैक करते थे, फिर उनके अकाउंट से रकम ट्रांसफर कर लेते थे। पकड़े गए आरोपियों की पहचान राजस्थान निवासी पृथ्वी कुमार बिश्नोई उर्फ राहुल और नरसिंह सिंह के रूप में हुई है। आरोपियों पर आगे की कार्यवाही पुलिस कर रही है। इन लोगों ने कई लोगों से बड़ी रकम की ठगी की है।

इस मामले में विधानसभा थाना क्षेत्र निवासी धर्मेंद्र सिंह ने शिकायत दर्ज कराई थी कि, RTO e-challan के नाम से आए एसएमएस में दिए लिंक पर क्लिक करने पर उनके खाते से 4.52 लाख रुपए कट गये। जिसके बाद इस मामले में अपराध क्रमांक 8/26, धारा 318(4), 3(5) बीएनएस एवं 66(डी) आईटी एक्ट के तहत केस दर्ज कर तकनीकी जांच शुरू की गई थी और पुलिस लगातार आरोपियों की पतासाजी कर रही थी।

जांच के दौरान गूगल, बैंक, मोबाईल सेवा प्रदाता कंपनियों और टेलीग्राम से मिले तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की लोकेशन ट्रेस कर राजस्थान में दबिश दी गई। इस मामले की पूछताछ में सामने आया कि आरोपी यूट्यूब और सोशल मीडिया पर Task Complete, Instant Bonus, Referral Bonus जैसे लालच देकर Winmate, Wingo जैसे फर्जी ऐप डाउनलोड करवाते थे। ये ऐप प्ले स्टोर पर उपलब्ध नहीं होते है, फर्जी होते है। ये एप इंस्टॉल होते ही प्रयोगकर्ताओं के फोन से बड़ी संख्या में धोखाधड़ी वाले एसएमएस भेजे जाते थे। जिनमें हैकिंग लिंक होते थे और ये लिंक पीड़ित के सम्बंधित लोगों तक भी चले जाते थे। जिसके बाद इस लिंक पर क्लिक करते ही मोबाइल हैक हो जाता और बैंक खाते से रकम निकाल ली जाती थी।

ठगी की रकम को इस तरह लगाते थे ठिकाने :

पुलिस की पूछताछ में आरोपियों ने बताया कि, ठगी की रकम को ठिकाने लगाने के लिए वो Swiggy/Instamart जैसे क्विक कॉमर्स प्लेटफॉर्म से सामान मंगवाकर अलग-अलग राज्यों में डिलीवरी कराते थे। आरोपियों के कब्जे से मोबाईल, सिम कार्ड और बैंक खातों से जुड़े दस्तावेज जब्त किए हैं। पुलिस ने लोगों से अपील की है कि केवल अधिकृत ऐप स्टोर से ही ऐप डाउनलोड करें और किसी भी संदिग्ध लिंक पर क्लिक न करें। साईबर ठगी होने पर तुरंत 1930 पर कॉल करें या cybercrime.gov.in पर शिकायत दर्ज करायें। बिना सोचे समझें किसी भी लिब्क पर क्लिक ना करें।

साइबर ठगों से बचने अपनाए ये सावधानी :

  • किसी भी प्रकार के ऑनलाइन ऐप को केवल Play Store/App Store से ही डाउनलोड करें।
  • “गारंटीड मुनाफा”, “रोज़ पक्का रिटर्न” या “आसान कमाई” जैसे प्रलोभनों से सावधान रहें।
  • अनावश्यक रूप से SMS, कॉन्टैक्ट, कॉल लॉग या बैंक संबंधी अनुमति मांगने वाले ऐप्स को इंस्टॉल न करें।
  • सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर प्रसारित फर्जी लाभ, स्क्रीनशॉट अथवा प्रशंसापत्रों पर विश्वास न करें।
  • किसी भी अज्ञात लिंक, APK फाइल या कॉल के माध्यम से प्राप्त निर्देशों का पालन न करें।
  • साइबर ठगी होती है, तो तुरंत राष्ट्रीय साइबर अपराध हेल्पलाइन नंबर 1930 पर संपर्क करें या www.cybercrime.gov.in पर ऑनलाईन शिकायत दर्ज करायें।