रायपुर : दुस्साहसी दरिन्दे ने छोटे बच्चों के सामने ही घिनौना कृत्य किया था, जानकारी के अनुसार तिल्दा थाना क्षेत्र में पांच साल पहले बच्चों के सामने महिला पर चाकू से हमला कर दुष्कर्म करने वाले आरोपी को कोर्ट ने अब सख्त सजा सुनाई है। अदालत ने दोषी को उसके अंतिम प्राकृतिक जीवनकाल तक आजीवन कारावास और एक लाख रुपये जुर्माने की सजा से दंडित किया है। इस प्रकरण की सुनवाई अपर सत्र न्यायाधीश विनय कुमार प्रधान की फास्ट ट्रैक कोर्ट में हुई है।
अतिरिक्त लोक अभियोजक विजयश्री बिसेन के अनुसार, कोर्ट ने बेमेतरा, नांदघाट निवासी बालकृष्ण जांगड़े को कैद तथा जुर्माने की सजा सुनाई है। आरोपी ने 15 मार्च 2021 को पेशे से शिक्षिका 37 वर्षीय महिला के साथ बलात्कार की घटना को अंजाम दिया था। वहीँ महिला ने कोर्ट में दिये अपने बयान में बताया है कि घटना दिनांक को उनके पति, जो पेशे से कृषि विस्तार अधिकारी है, सुबह 10 बजे ड्यूटी करने के लिए चले गये। इसके बाद 11.45 बजे आरोपी उनके घर पहुंचा और शादी का कार्ड देने का झांसा देकर बंधक बनाकर महिला पर चाकू से ताबड़तोड़ वार कर उसे गंभीर रूप से घायल कर दिया और मुंह पर टेप चिपकाकर बलात्कार किया।
मजदूर के मोबाईल से दी घटना की जानकारी :
इस घटना के बाद आरोपी घर के पीछे के रास्ते से घर को बंद कर मौके से फरार हो गया था। होश आने के बाद महिला ने अपने घर के सामने निर्माणाधीन मकान के मजदूरों को मदद के लिए आवाज लगाई, तब एक मजदूर मौके पर पहुंचा। महिला ने उससे मोबाईल लेकर अपने पति को घटना की जानकारी दी। कोर्ट ने जिस आरोपी को कैद तथा जुर्माने की सजा सुनाई है, उसकी पत्नी भी कृषि विस्तार अधिकारी है। बताया गया है कि इस घटना के समय महिला के दो मासूम बेटे भी घर पर ही थे।
महिला पर आरोपी ने जब चाकू से हमला किया, तब मासूम बच्चे आरोपी से अपनी मां को नहीं मारने गुहार लगाते रहे। महिला के शोर मचाने पर आरोपी उसके मुंह में टेप चिपका दिया और बच्चों के सामने ही महिला के साथ बलात्कार करता रहा। जिसके बाद महिला के विरोध करने पर आरोपी ने बच्चों की हत्या करने की धमकी दी। बलात्कार करने के बाद आरोपी महिला को बेहोशी की हालत में दूसरे कमरे में घसीटते हुए ले गया और उसके ऊपर सिलाई मशीन को पटककर उसे मरा हुआ समझकर मौके से फरार हो गया था। इस मामले में अब कोर्ट ने आरोपी को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है।



