पटना (बिहार) : ठंड काफी बढ़ गई है, जिससे मौतों का आंकड़ा भी लगातार बढ़ रहा है, वहीँ अब दुकानदारों ने इसमें भी अवसर खोज लिया है। दुकानों पर लिखा हुआ है, हमारे दुकान पर मरनी का सारा सामान, 32 सामान 5000 रुपया की जगह 2500 रुपये में मिलता है। यानी मरनी का सामान खरीदने पर 50 प्रतिशत की छूट की गारंटी है। उसके अलावा पटना के बांस घाट में और भी बोर्ड लगा हुआ है। उसमें लिखा हुआ है कि सावधान ग्राहक हमारे यहां 3500 का मरनी का सामान, मात्र 2500 रुपये में मिलता है। इसके अलावा कफन पर छूट भी मिलता है। इस तरह के कई विज्ञापन बोर्ड पटना के बांसघाट पर लगा हुआ है। कफन और अंतिम संस्कार की सामग्री बेचने वाले दुकानदारों ने इस तरह का बोर्ड लगाया है। हुआ यूं कि ठंड की वजह से मौत का सिलसिला थम नहीं रहा है। बुजुर्गों की मौत हो रही है। बीमार या मरीजों का निधन होने के बाद अंतिम संस्कार वाले दुकानों पर सामग्री खरीदने की होड़ मची है। इस तरह यह चौंकाने वाला मामला सामने आया है।
कफन में छूट की घोषणा :
इसी का फायदा उठाकर दुकानदार भी बंपर छूट की घोषणा कर चुके हैं। कई दुकानदार कफन समेत अन्य सामग्री को तीस प्रतिशत और पचास प्रतिशत की छूट पर दे रहे हैं। पटना सहित बिहार में भीषण ठंड का माहौल है। बुजुर्गों पर इसका असर ज्यादा हो रहा है। भीषण शीतलहर और ठंड के बाद कनकनी बढ़ गई है। इस बीच बुजुर्गों की मौत की खबरें ज्यादा आ रही है, जिससे लगातार मौत के आंकड़े बढ़ रहे है। बांसघाट पर ज्यादा संख्या में परिजन अपनों के शव को लेकर पहुंच रहे हैं। इस बीच आम दुकानों में मिलने वाले छूट के इश्तिहारों की तरह, कफन और मरनी का सामान बेचने वाले भी छूट दे रहे हैं। कफन पर लोगों को तीस प्रतिशत की छूट दी जा रही है। कंकड़बाग सहित पटना के बांसघाट क्षेत्रों में दर्जनों दुकानें देखने को मिलेंगी, जहां कफन पर छूट दी जा रही है। अकेले दीघा घाट पर तीस से चालीस लोगों के शव रोजाना जलाए जा रहे हैं।
अंतिम संस्कार सामग्री :
अंतिम संस्कार में 32 सामग्री की जरूरत होती है। इसकी कीमत दुकानदारों की ओर से 2500 रुपये तय की गई है। ग्राहकों को आकर्षित करने के लिए दुकानदारों ने छूट दे रखी है। ये सभी सामान ये लोग 2200 रुपये से लेकर 2500 रुपये में दे रहे हैं। ध्यान रहे कि राजधानी पटना का पारा गिरा हुआ है। कोल्ड वेव चल रही है। शीतलहर और ठंड को लेकर मौसम विभाग लगातार अलर्ट जारी कर रहा है। रात बहुत ज्यादा ठंडी हो रही है। न्यूनतम तापमान में लगातार गिरावट दर्ज की जा रही है। ठंड की वजह से जन जीवन प्रभावित हुआ है। राजधानी के दीघा घाट, बांस घाट और गुलबी घाट के अलावा जनार्दन घाट पर अंतिम संस्कार किया जाता है। श्मशान घाट पर जब लोग अंतिम संस्कार के लिए जाते हैं, तो कफन समेत 32 सामग्री की कीमत ज्यादा चुकानी पड़ती है। उसी कीमत को दुकानदारों ने कम कर रखा है। जिसका लाभ अब दुकानदार अप्निसंग्री बेचकर उठा रहे है।
मदद का भाव – दुकानदार :
स्थानीय दुकानदारों के मुताबिक वे लोग कम पैसे में ज्यादा सामान देने की कोशिश करते हैं। उनका कहना है कि ग्राहकों को 32 सा्मान खरीदने में दस हजार रुपये लग जाते हैं, लेकिन कंकड़बाग में उसे मात्र 2500 रुपये में उपलब्ध करवा दिया जाता है। दुकानदारों का कहना है कि बांस घाट पर ग्राहकों से ज्यादा पैसे की वसूली की जाती है। उसको देखते हुए कंकड़बाग में उनको मदद करने के लिए हम कम कीमत पर सामान देते हैं। अंतिम संस्कार के लिए कोई गरीब मदद के लिए आता है, हम उसे कम कीमत पर सामान देते हैं। बांस घाट पर लोगों का दोहन किया जाता है। हम लोग ऐसा नहीं करते हैं। दुकानदारों का कहना है कि इसे मदद के रूप में देखा जाए। ये कोई मजाक की बात नहीं है। ग्राहकों की मदद के लिए ऐसा किया जाता है। दुकानदारों ने इसे मानवता के लिए कदम बताया है।



