धमाके से इलेक्ट्रिक स्कूटी की बैटरी फटी, आग में जिंदा जला शख्स, पत्नी और बच्चे का हुआ ये हाल….।

नारनौल (हरियाणा) : इलेक्ट्रिक वाहनों की बैटरी फटने के मामले लगातार सामने आ रहे है, ऐसे मामले आमतौर पर ओला और लोकल गाड़ियों में देखने को मिल रहे है, वहीँ अब नारनौल जिले में एक इलेक्ट्रिक स्कूटी में चार्ज करते समय अचानक धमाका हो गया। इस हादसे में 55 वर्षीय एक व्यक्ति की दर्दनाक मौत हो गई। विस्फोट के दौरान घर में और लोग भी मौजूद थे लेकिन घटना के समय गनीमत रही कि वो दूसरे कमरे में होने के चलते बच गए। लेकिन आग लगने से घर में रखा सारा सामान जलकर राख हो गया। घटना की सूचना मिलने पर मौके पर पहुंची फायर बिग्रेड की गाड़ी ने आग पर काबू पाया।

स्कूटी चार्जिंग में लगाकर सो रहा था :

गांव बड़कोदा का 55 वर्षीय शिव कुमार नारनौल की रामनगर कॉलोनी में मकान बनाकर रहता था। उसकी 2 बेटियां और एक बेटा है, तीनों शादीशुदा हैं। एक लड़की ग्रुप डी में सरकारी जॉब लगी हुई है। शिव कुमार सोमवार रात के समय अपनी इलेक्ट्रिक स्कूटी को चार्जिंग में लगाकर घर पर एक कमरे में अकेला सो रहा था। रात करीब साढ़े 9 बजे चार्जिंग में लगी स्कूटी की बैटरी फट गई थी। इससे जोरदार धमाके के साथ घर में आग लग गई। धमाके की आवाज सुनकर पड़ोस के लोगों जाग गए और वहां पर जमा हो गए। इस घटना की सूचना मिलते ही तुरंत एम्बुलेंस, पुलिस और दमकल की गाड़ी मौके पर पहुंची। कमरे से शिव कुमार को बाहर निकाला और एम्बुलेंस की सहायता से नागरिक अस्पताल पहुंचाया गया। जहां पर डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।

मजदूरी करता था शिव कुमार :

मृतक शिव कुमार बावरिया समाज से था। वह गांव बड़कोदा से कई साल पूर्व नारनौल आ गया था और यहां पर मजदूरी करता था। रात को वह कमरे में अकेला ही सो रहा था। पत्नी और बच्चे दूसरे कमरे में सो रहे थे। सोते समय वह रोजाना स्कूटी को चार्जिंग में लगाता था। बीती रात को अचानक धमाके के साथ बैटरी फटने से यह हादसा हो गया। इस घटना में उसके पत्नी और बच्चे बच गये है, वो पूर्णतया ठीक है।

1 साल पहले खरीदी थी स्कूटी :

शिव कुमार ने यह स्कूटी करीब एक साल पहले नसीबपुर में बने एक शोरूम से खरीदी थी। स्कूटी लाल रंग की थी और उस पर टॉक्समो राइनो प्लस लिखा हुआ है। कंपनी का नाम टॉक्समो है तथा उसका मॉडल राइनो प्लस था। इस स्कूटी की खासियत यह है कि इसके चलाने के लिए आरटीओ से रजिस्ट्रेशन करवाने और इसको चलाने के लिए ड्राइविंग लाइसेंस की जरूरत नहीं होती है। यह 25 किलोमीटर प्रति घंटा की रफ्तार से तेज नहीं चल सकती। वहीँ स्कूटी की बैटरी फटने का कारण स्पष्ट नहीं है, लेकिन तकीनीकी विशेषज्ञों के अनुसार बैटरी 90-95 पहुँचते ही चार्जिंग से निकाल लेना चाहिये, अन्यथा ऐसी घटना संभव है। ब्रांडेड वाहनों में भी कई बार ऑटोकट काम नहीं करता है, इसलिये सावधानी बरतना जरुरी है। रातभर वाहन को चार्जिंग पर लगाकर नहीं सो जाना चाहिये।

घर में किवाड़, बैड, सोफा सब जल गया :

स्कूटी में धमाका हो जाने के बाद घर में लगी आग के कारण घर का भी काफी सामान जल गया। आग लगने से घर में लगा फर्नीचर, किवाड़ के अलावा बैड, सोफा तथा अन्य सामान भी जल गया। दमकल कर्मियों ने बताया कि उन्होंने करीब आधे घंटे में आग पर काबू पाया तथा मृतक को कमरे से बाहर निकाला गया। घर में काफी नुकसान हुआ है और मृतक के पत्नी बच्चे काफी सदमे में है, दोनों का रो रोकर बुरा हाल है।