रायपुर : मकर संक्रांति आते समय ठंड में कमी आ जाती है, फिर वह महाशिवरात्रि तक बढ़ने लगती है, वहीँ अब फिर से मौसम का बदलाव होने वाला है। छत्तीसगढ़ के सभी क्षेत्रों में मंगलवार को मौसम शुष्क रहा है, वहीं पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से आने वाली नमी युक्त हवा के असर से अगले तीन दिन मौसम में ठहराव की स्थिति बनी रहेगी। इसके बाद हवा की दिशा बदलने से तापमान में पुनः गिरावट का दौर शुरू होगा और उत्तरी क्षेत्रों में ठंड का कहर देखने को मिल रहा है, विशेष तौर पर बलरामपुर-रामानुजगंज और सरगुजा जिले में प्रभाव अधिक है। इसके साथ ही पिछले 24 घंटों के दौरान यहां न्यूनतम पारा 3.4 डिग्री सेल्सियस रिकॉर्ड किया गया है। वहीं दक्षिणी क्षेत्र के दंतेवाड़ा और बस्तर के तामपान में गिरावट दर्ज की गई है। मध्य क्षेत्रों में फिलहाल सर्द हवाओं से राहत है। वहीँ मौसम विभाग के मुताबिक, 15 जनवरी के बाद पूरे प्रदेश में फिर से कड़ाके की ठंड लौटेगी। मौसम में हवाओं का रुख अचानक बदल रहा है, ऐसे में मौसम बदलने से लोग सर्दी , बुखार के शिकार हो रहे है।
वहीँ बीते पिछले चौबीस घंटे में राज्य में सबसे अधिक तापमान दुर्ग का 30.2 दर्ज किया गया है, तो वहीं सबसे कम अंबिकापुर का 4.9 डिग्री रिकार्ड किया गया है। सीमावर्ती क्षेत्रों में तेज ठंड है, मगर पाला जमने वाली स्थिति में थोड़ा विराम लगा है। मौसम विशेषज्ञों के मुताबिक अगले तीन दिन तक मौसम में बड़ा बदलाव होने की संभावना कम है। ना तो तापमान में बड़ी गिरावट होगी और ना ही ज्यादा बढ़ोत्तरी, इसके बाद हवा की दिशा बदलने से ठंड की वापसी होने के आसार बन रहे हैं। 15 जनवरी के बाद फिर से रात का पारा सामान्य से नीचे की ओर जाएगा और कई क्षेत्रों में शीतलहर की स्थिति लौटेगी। रात को बारह से सुबह 5 बजे tak ठंड काफी ज्यादा रहेगी वहीँ दोपहर होने पर गर्मी का अहसास भी होगा।



