बिलासपुर : भारत में रहकर आप भारत विरोधी कार्य कर सकते है, आपको कोई कहने वाला नहीं है, लेकिन अगर आपने अपने किसी दुश्मन देश के खिलाफ कोई कृत्य कर दिया तो आपको अपने देश में ही प्रताड़ित होना पड़ेगा। खामनेई की मौत के बाद देश में कुछ लोग उसका समर्थन कर रहे है, तो कुछ लोग उसकी मौत पर खुशियाँ भी मना रहे है। खबर आगे बतायें उसके पहले आपको बता दें की ईरान से व्यापार अपनी जगह है, लेकिन ईरान ने हमेशा भारत के खिलाफ पाकिस्तान का साथ दिया है, और कश्मीर मुद्दे पर भी वो पाकिस्तान का समर्थक रहा है। ऐसे में भारतीय मुसलमान ईरान के पक्ष में खड़ा है, जो खुलेआम राष्ट्र विरोध माना जा सकता है, क्यूंकि भारत सरकार इजराइल के समर्थन में जिसने हमेशा हर मुसीबत में भारत का साथ दिया है।
वहीँ भारत विरोधी ईरान के खामनेई की मौत पर मिठाई बाँटना एक राष्ट्रवादी हिन्दू को भारी पड़ गया है। सामने आये मामले के अनुसार हिंदू संगठन के सैकड़ों कार्यकर्ता बुधवार को गिरफ्तारी देने सरकंडा थाने पहुंचे। वहां पुलिस प्रशासन के खिलाफ उन्होंने जमकर नारेबाजी की। पुलिस कार्यवाही का विरोध करते हुए एक साथ सभी कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार करने की मांग की। इस मामले को देखते हुए एसएसपी रजनेश सिंह के निर्देश पर भारी संख्या में पुलिस बल तैनात किए गए, जिससे कोई तनाव या विवाद की स्थिति निर्मित नहीं हुई। वहीँ यह प्रदर्शन करने के बाद सभी कार्यकर्ता वापस लौट गये।
अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच हो रहे युद्ध में ईरान के सुप्रीम लीडर आयत उल्लाह अली खामेनेई की मौत पर जश्न मनाने और मिठाइयां बांटने के आरोप में हिंदू संगठन से जुड़े नेता ठाकुर राम सिंह पर एफआईआर दर्ज की गई थी। राम सिंह ने सोशल मीडिया पर एक वीडियो पोस्ट कर आपत्तिजनक पोस्ट किया था। इस पोस्ट को लेकर मुस्लिम समाज के लोगों ने नाराजगी जताई है। इस मामले में समाज के लोगों ने एसएसपी ऑफिस पहुंचकर राम सिंह ठाकुर के खिलाफ कार्यवाही की मांग की थी, जिस पर पुलिस ने उसके खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। वहीँ आपको बता दें कि देशभर में मुस्लिम समाज द्वारा जगह – जगह खामनेई का समर्थन किया है, जिसको लेकर कोई भी कार्यवाही नही की गई है।
सोशल मीडिया से एकत्रित की भीड़ :
राम सिंह ने पुलिस कार्यवाही से अहसमत होकर गिरफ्तारी देने का फैसला लिया है, वहीँ इस मामले को लेकर हिंदूवादी संगठनों में काफी नाराजगी है। इसके बाद उन्होंने सोशल मीडिया पर विरोध करते हुए पोस्ट करने लगे। बुधवार को हिंदू नववर्ष शुरू होने से एक दिन पहले सरकंडा थाने में अपनी गिरफ्तारी देने का ऐलान कर दिया है। सोशल मीडिया पर पोस्ट कर राम सिंह ने हिंदू संगठन के लोगों और सनातनियों से एकजूट होने की अपील की। इसके बाद बड़ी संख्या में लोग सरकंडा थाने पहुंच गए। पुलिस ने सोशल मीडिया पर वायरल पोस्ट को देखते हुए एक दिन पहले ही अपनी तैयारी पूरी कर ली थी। हिंदूवादी संगठन के लोग नारेबाजी करते हुए जमकर हंगामा किया, हालांकि पुलिस ने समझाईश देकर मामला शांत कराया. वहीं पुलिस ने किसी भी कार्यकर्ता को गिरफ्तार किया नहीं किया है।
ये है पूरा मामला :
बीते 28 फरवरी को अमेरिका और इजरायल के संयुक्त हमले में ईरान के सुप्रीम लीडर आयत उल्लाह अली खामनेई की मौत हो गई थी। तब बिलासपुर में हिंदू संगठन के नेता राम सिंह ठाकुर ने मुस्लिम धर्मगुरु और ईरान के पूर्व सुप्रीम लीडर आयत उल्लाह अली खामेनेई को लेकर सोशल मीडिया पर एक विवादित टिप्पणी पोस्ट की थी। खामनेई की मौत की खबर आने पर उसने खुशियाँ मनाते हुए मिठाइयां भी बांटी थी, जिसको लेकर मुस्लिम समाज ने नाराजगी जताई थी।



