अमलीडीह क्षेत्र में मासूम बच्ची को स्कूल से ला रही महिला की एक्टिवा को ई-स्कूटर ने मारी भीषण टक्कर, मां-बेटी घायल।

रायपुर : छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर में बेलगाम गति और घोर लापरवाही से वाहन चलाने के कारण होने वाली सड़क दुर्घटनाओं का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। यातायात नियमों की सरेआम अनदेखी राहगीरों और आम नागरिकों के जीवन के लिये गंभीर संकट बनती जा रही है। ताज़ा मामला राजधानी के अमलीडीह क्षेत्र से सामने आया है, जहां सेंट जोसेफ स्कूल से अपनी मासूम बेटी को लेकर घर लौट रही एक महिला की एक्टिवा को पीछे से आ रहे एक अनियंत्रित इलेक्ट्रिक स्कूटर ने जोरदार टक्कर मार दी। इस भीषण भिड़ंत में मां और उनकी नन्ही बेटी उछलकर पक्की सड़क पर गिर पड़ीं और गंभीर रूप से चोटिल हो गईं। घटना को अंजाम देने के बाद चालक मानवीय संवेदनाओं को ताक पर रखकर मौके से फरार हो गया। इस पूरे मामले में राजेंद्र नगर थाना पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए आरोपी चालक के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मुकद्दमा दर्ज कर वैधानिक कार्यवाही की है।

मेडिशाईन अस्पताल मोड़ के पास घटित हुआ दर्दनाक हादसा :

मिली विस्तृत जानकारी के अनुसार, यह घटना 23 अक्टूबर की दोपहर लगभग 2 बजे के आसपास की है। पीड़िता महिला अपनी बेटी को घर वापस लाने के लिये सेंट जोसेफ स्कूल, अमलीडीह गई थीं। छुट्टी के बाद वह अपनी बेटी को एक्टिवा पर सुरक्षित बैठाकर घर लौट रही थीं। इसी दौरान मेडिसाइन अस्पताल मोड़ के पास पीछे से आ रहे इलेक्ट्रिक स्कूटर क्रमांक CG 04 QZ 1218 के चालक ने अंधाधुंध गति और अत्यधिक लापरवाहीपूर्वक वाहन चलाते हुए उनकी एक्टिवा में पीछे से सीधी टक्कर मार दी।

जोरदार टक्कर से सड़क पर गिरीं मां-बेटी, चेहरे और शरीर पर आईं गंभीर चोटें :

टक्कर इतनी भयानक थी कि महिला का दोपहिया वाहन अनियंत्रित हो गया और दोनों मां-बेटी छिटककर सड़क पर जा गिरीं। इस हादसे में महिला के हाथ और पैरों में गहरी चोटें आईं, जबकि उनकी नन्हीं बेटी के हाथ, पैर और चेहरे पर गंभीर चोट लगी, जिससे वह लहूलुहान हो गई। दोपहर के वक्त हुए इस हादसे को आसपास मौजूद अनेक राहगीरों और स्थानीय दुकानदारों ने भी देखा। लोगों को मदद के लिये आगे आते देख आरोपी चालक अपने स्कूटर सहित वहां से भाग निकला।

अधिवक्ता पति के साथ थाने पहुंचकर दर्ज कराई लिखित शिकायत :

सड़क दुर्घटना के बाद पीड़िता ने तुरंत अपने मोबाईल से अपने पति एवं अधिवक्ता राकेश कुमार सिंह को पूरे घटनाक्रम से अवगत कराया। इसके बाद वह अपने पति के साथ राजेंद्र नगर थाने पहुंचीं और आरोपी चालक के विरुद्ध नामजद लिखित शिकायत दर्ज कराई। पीड़िता ने पुलिस प्रशासन से मांग की कि सड़क पर इस तरह दूसरों की जान जोखिम में डालने वाले गैर-जिम्मेदार चालकों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्यवाही की जानी चाहिये ताकि भविष्य में कोई दूसरा इस प्रकार की लापरवाही न दोहराए।

आरोपी शिवम सिंह गिरफ्तार, बीएनएस की धाराओं में मुकद्दमा दर्ज :

राजेंद्र नगर थाना पुलिस ने मामले को गंभीरता से लेते हुए वाहन क्रमांक के आधार पर तलाश शुरू की और त्वरित कार्यवाही करते हुए इलेक्ट्रिक स्कूटर चालक शिवम सिंह को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 125(ए) (दूसरों के जीवन या व्यक्तिगत सुरक्षा को खतरे में डालकर चोट पहुंचाना) और धारा 281 (सार्वजनिक मार्ग पर लापरवाही और तेजी से वाहन चलाना) के तहत मुकद्दमा दर्ज किया गया है। आवश्यक कानूनी औपचारिकताओं के पश्चात आरोपी को मुचलका जमानत पर रिहा कर दिया गया। पुलिस प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि क्षेत्र में बेलगाम गति से चलने वाले वाहनों पर लगातार सघन निगरानी रखी जायेगी और नियमों की अवहेलना करने वालों पर कठोर दंडात्मक कार्यवाही की जायेगी।