अभनपुर : अलग – अलग तरह के अवैध वसूली के मामले कई बार सामने आते रहते है, जिनको लेकर बवाल भी होता रहता है। ऐसे ही नगर पालिका परिषद गोबरा नवापारा में सफाई के नाम पर रेत गाड़ियों से खुलेआम वसूली का मामला एक बार फिर सामने आया है। यहाँ रेत परिवहन करने वाले वाहनों से बाकायदा रसीद काटकर 200 रुपये की राशि ली जा रही है, जबकि सूत्रों की मानें तो नगर पालिका अधिनियम अथवा शासन के किसी आदेश में इस प्रकार की वसूली का स्पष्ट प्रावधान नहीं है। वहीँ नगर पालिका के मुख्य नगर पालिका अधिकारी लवकेश पैकरा ने इस वसूली को पीआईसी (प्रेसिडेंट-इन-काउंसिल) की बैठक का निर्णय बताया है, लेकिन सवाल यह है कि क्या पीआईसी को मनमाने शुल्क लगाने का अधिकार है? बिना शासन की स्वीकृति और अधिसूचना के किसी भी प्रकार की नई फीस वसूली सीधे तौर पर नियमों का उल्लंघन मानी जाती है, जो कि खुले तौर पर अवैध वसूली का मामला है।
गौरतलब है कि पूर्व सीएमओ प्रदीप मिश्रा के कार्यकाल में भी इसी तरह की वसूली शुरू की गई थी, जिसे मीडिया में खबर प्रकाशित होने के बाद बंद कर दिया गया था। इसके बावजूद अब फिर उसी अवैध व्यवस्था को लागू करना प्रशासनिक जिद और जवाबदेही की कमी को दर्शाता है। वहीँ इस मामले से स्थानीय नागरिकों और वाहन चालकों में भारी आक्रोश है। लोगों का कहना है कि यदि यह वसूली तत्काल बंद नहीं की गई और कानूनी स्थिति स्पष्ट नहीं की गई, तो वे कलेक्टर एवं नगरीय प्रशासन विभाग तक शिकायत दर्ज करायेंगे।
सीएमओ का जवाब :
इस संबंध में नगर पालिका परिषद गोबरा नवापारा के सीएमओ से चर्चा करने पर उन्होंने कहा कि सुबह 6:00 से रात 10:00 बजे तक भारी वाहनों का गंज रोड से परिवहन पूर्ण रूप से उनके द्वारा बंद करवा दिया गया है। साथ ही रात 10:00 से सुबह 6:00 बजे तक स्वच्छता शुल्क के रूप में यह शुल्क लिया जा रहा है, क्योंकि रेत वाहनों से रेत नीचे सड़क पर गिरती है, जिसकी सफाई पालिका करती है। इस तरह उन्होंने अपनी अवैध वसूली को सही ठहराया, वहीं दूसरी ओर मामले में अभनपुर एसडीएम रवि सिंह का कहना है कि किन नियमों के तहत रसीद काटी जा रही है, इसका संज्ञान लेकर नियमानुसार उचित कार्यवाही की जायेगी।



