रायपुर : शहर के विकास कार्यों को जारी रखने के लिये प्रशासन ने आवश्यक कार्यवाही की है, जिसमें कब्जाधारियों ने बवाल कर दिया है। शहर के गुढ़ियारी क्षेत्र में सड़क चौड़ीकरण को लेकर विवाद बढ़ गया है। यहाँ बुलडोजर कार्यवाही के विरोध में बड़ी संख्या में स्थानीय लोग सड़क पर उतर आए। इस प्रदर्शन में कांग्रेस, भीम आर्मी और छत्तीसगढ़ क्रांति सेना के कार्यकर्ता भी शामिल हुये, जिन्होंने कार्यवाही का जमकर विरोध किया। मौके पर नगर निगम और जिला प्रशासन की टीम कार्यवाही के लिए पहुंची। हालात को देखते हुए भारी पुलिस बल भी तैनात किया गया। प्रदर्शन के दौरान मुख्य सड़क पर जाम लग गया, जिससे यातायात भी लम्बे समय तक प्रभावित रहा।
इसको लेकर स्थानीय लोगों का कहना है कि पिछले 40-50 सालों से उनकी दुकानें वहां हैं और मुआवजा भी दिया जा चुका है। प्रदर्शनकारी बता रहे हैं कि, “जो जगह हमें दी गई थी, उससे अधिक जगह को तोड़ा जा रहा है। हमारी केवल एक दुकान ही जीवन यापन का सहारा है। अगर उसे भी तोड़ दिया गया, तो हमारा जीवन यापन कैसे होगा।”
इस मामले में नायाब तहसीलदार प्रवीण परमान ने बताया कि यह कार्यवाही पीडब्ल्यूडी और जिला प्रशासन द्वारा की जा रही है। उन्होंने कहा कि जितनी दुकानें थीं, उनका मुआवजा पहले ही दिया जा चुका है और सभी के पास अनुमति पत्र भी मौजूद हैं। उन्होंने कहा कि इन तथ्यों को ध्यान में रखते हुए आज बुलडोजर कार्यवाही की जा रही है, जितना मुआवजा दिया जा रहा है, उतनी ही कार्यवाही की जा रही है।
स्थानीय लोग और राजनीतिक संगठन बुलडोजर कार्यवाही के विरोध में लगातार प्रदर्शन कर रहे हैं। प्रशासन का कहना है कि यह कार्यवाही नियमों और मुआवजा के अनुसार की जा रही है। कांग्रेस, भीम आर्मी और छत्तीसगढ़ क्रांति सेना पर प्रशासनिक अमले ने जबरन विरोध का आरोप लगाया।



