बर्तन बेचने की आड़ में रेकी कर चोरी करने वाला आरोपी बांग्लादेशी निकला, सामने आई कई वारदातें।

बेमेतरा : मोहल्लों में कई बार विभिन्न सामान बेचने आने वाले लोगों से सावधान रहना चाहिये, इनसे किसी भी प्रकार की बातचीत या लेनदेन भारी पड़ सकता है, क्यूंकि इसमें अपराधी तत्व होते है। वहीँ सामने आई जानकारी के अनुसार पुलिस ने चोरी के एक मामले की जांच के दौरान ऐसे आरोपी को गिरफ्तार किया है, जो बांग्लादेश से अवैध रूप से भारत आया था और फर्जी पहचान दस्तावेजों के सहारे अलग-अलग राज्यों में रह रहा था। बताया गया है कि आरोपी बर्तन बेचने की आड़ में किराये का मकान लेता था और आसपास के गांवों व मोहल्लों में घूमकर चोरी की वारदातों को अंजाम देता था। पुलिस ने बताया है कि आरोपी के खिलाफ छत्तीसगढ़ समेत कई राज्यों में चोरी, नकबजनी और आर्म्स एक्ट के मामले दर्ज हैं।

पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी की पहचान मोहम्मद सुमोन खान (24), पिता मोहम्मद सलाम खान, निवासी बांग्लादेश के रूप में हुई है। उसे बेमेतरा के सिंघौरी में हुई चोरी के मामले में गिरफ्तार किया गया है। पिछले महीने हुई इस चोरी के मामले में पुलिस पहले ही पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी थी। पूछताछ के दौरान सुमोन खान के संबंध में जानकारी सामने आई और उसकी पहचान बांग्लादेशी नागरिक के रूप में हुई है। मामला बेमेतरा सिटी कोतवाली क्षेत्र के वार्ड नंबर 12 सिंघौरी का है, जिसको लेकर पुलिस ने बताया है कि 21 और 22 जुलाई की दरम्यानी रात 2:42 से 2:53 बजे के बीच चोरों ने पवन शाह के घर को निशाना बनाया था, जहाँ आरोपियों ने घर के दरवाजे की कुंडी तोड़ी और अंदर घुसकर आलमारी में रखे सोने-चांदी के पुराने जेवरात और करीब एक लाख रुपये नकद पार कर दिये थे, चोरी गये सामान और नकदी की कुल कीमत करीब 5.60 लाख रुपये थी।

फर्जी दस्तावेजों के सहारे कई राज्यों में रहा :

पुलिस के अनुसार भारत आने के बाद आरोपी ने कर्नाटक में फर्जी आधार कार्ड और पैन कार्ड जैसे दस्तावेज तैयार करवाए। इसके बाद वह मध्यप्रदेश, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र और कर्नाटक सहित अलग-अलग राज्यों में रहा। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि फर्जी दस्तावेज तैयार कराने में उसकी मदद किसने की और इस पूरे नेटवर्क में अन्य कौन लोग शामिल हैं।

बर्तन बेचने की आड़ में करता था रेकी :

पुलिस ने बताया है कि सुमोन खान किसी नए क्षेत्र में पहुंचने के बाद खुद को बर्तन बेचने वाला बताकर किराये पर मकान लेता था। इसके बाद गांवों और गली-मोहल्लों में घूमते हुए लोगों के घरों की रेकी करता था। मौका मिलने पर वह चोरी की वारदात को अंजाम देता था। पुलिस का कहना है कि उसके साथ अन्य लोग भी इस तरह की वारदातों में शामिल रहे हैं। बेमेतरा पुलिस अब आरोपी से जुड़े संभावित अपराधों और उसके साथियों के संबंध में जानकारी जुटाने के लिए कई राज्यों की पुलिस के संपर्क में है। पुलिस के अनुसार 14 जिलों से आरोपी से जुड़ी जानकारी साझा की जा रही है। इनमें कांकेर, कोरिया, इंदौर, साइबराबाद, पूर्वी दिल्ली, बड़गाम, दक्षिण दिनाजपुर, कृष्णानगर-नादिया, बागलकोट, बेलगाम, चंद्रपुर, नागपुर और कोरापुट सहित अन्य जिले शामिल हैं।

आरोपी के खिलाफ कबीरधाम, बेमेतरा, मुंगेली और राजनांदगांव के अलग-अलग थानों में चोरी, नकबजनी और आर्म्स एक्ट से जुड़े करीब सात मामले दर्ज हैं। पुलिस के अनुसार वह वर्ष 2019 में बेमेतरा में चोरी के मामले में, कबीरधाम में चार-पांच चोरी की घटनाओं और वर्ष 2022 में राजनांदगांव के चोरी के मामले में जेल जा चुका है। इसके अलावा कर्नाटक में लूट और नागपुर में आर्म्स एक्ट के मामले में भी उसके जेल जाने की जानकारी सामने आई है। पुलिस के अनुसार जुलाई 2026 में जेल से बाहर आने के बाद वह दोबारा बेमेतरा के चोरी के मामले में गिरफ्तार हुआ। अब पुलिस उसके पुराने मामलों और संभावित अन्य वारदातों की कड़ियां भी जोड़ रही है। ऐसे ही राज्य के कई क्षेत्रों में अवैध प्रवासी रह रहे है, जो आपराधिक घटनाओं को लगातार अंजाम दे रहे है।

मकान मालिकों से पुलिस की अपील :

बेमेतरा पुलिस ने मकान मालिकों से अपील की है कि किसी भी बाहरी व्यक्ति को मकान किराए पर देने से पहले उसके पहचान दस्तावेजों का सत्यापन जरूर करें और आवश्यक जानकारी नजदीकी पुलिस थाने में दें। पुलिस ने संदिग्ध तरीके से रह रहे बाहरी लोगों की सूचना टोल-फ्री नंबर 1800-233-1905 पर देने की अपील की है। सूचना देने वाले की पहचान गोपनीय रखी जाएगी। पुलिस का कहना है कि ऐसे अपराधियों की पहचान कर उनके नेटवर्क तक पहुंचने और जिले में अपराध पर अंकुश लगाने के लिए कार्यवाही लगातार जारी रहेगी।