नागपुर (महाराष्ट्र) : बीते दिनों दंगा भड़काने को लेकर नागपुर हिंसा के कथित मास्टरमाइंड फहीम खान के घर पर बुलडोजर की कार्यवाही की जानकारी सामने आई है, यहाँ पुलिस-प्रशासन की मौजूदगी में फहीम खान के अवैध निर्माण पर बुलडोजर चल रहा है। फहीम की पत्नी के नाम पर घर पंजीकृत है। घर 86.48 वर्ग मीटर में घर बना है। फहीम की मोमिनपुरा क्षेत्र में बुर्के की दुकान है। आपको बता दें की इस हिंसा में हिन्दूओं के कई वाहन क्षतिग्रस्त किये गये थे और नुकसान पहुँचाया गया था।
नागपुर हिंसा के कथित मास्टरमाइंड फहीम खान के खिलाफ 21 मार्च को नोटिस जारी हुआ था। BMC ने 24 घंटे के अंदर खुद अवैध निर्माण तोड़ने के लिए कहा था। अवैध निर्माण नहीं तोड़ने पर आज नागपुर नगर निगम ने कार्यवाही की है। कार्यवाही उसके अवैध निर्माण पर की गई है।
बता दें कि नागपुर हिंसा मामले में अब तक 112 लोगों की गिरफ्तारी हुई है। इनमें 21 नाबालिग युवक भी शामिल हैं। आरोपियों में से 21 को न्यायिक हिरासत में भेजा गया है। जबकि बच्चे हुए पुलिस हिरासत में हैं। नागपुर नगर निगम द्वारा संजय बाग कॉलोनी स्थित फहीम खान के दो मंजिला घर को ध्वस्त करने का फैसला लिया गया था, जो दंगा आरोपी की संपत्ति को ध्वस्त करने का पहला मामला है। इसके बाद सभी आरोपियों से नुकसान की भरपाई भी की जायेगी।
मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के बयान के 2 दिन बाद निगम ने की कार्यवाही :
खास ख़बरों के लिये सब्सक्राईब करें हमारा यूट्यूब चैनल : https://www.youtube.com/@MachisMediaNews/
नागपुर नगर निगम ने यह कार्यवाही मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस द्वारा यह कहने के दो दिन बाद आया है कि “जरूरत पड़ने पर हम दोषियों के खिलाफ बुलडोजर कार्यवाही भी करेंगे। मुख्यमंत्री फडणवीस ने मीडिया की ओर से पूछे गए एक सवाल के जवाब में कहा था कि महायुति सरकार न्याय देने के मामले में किसी भी हद जाने में कोताही नहीं बरतेगी। नागपुर नगर निगम के अधिकारियों ने 20 मार्च को फहीम के घर का निरीक्षण किया था। अधिकारियों पाया था कि फहीम खान का घर महाराष्ट्र क्षेत्रीय एवं नगर नियोजन अधिनियम 1966 का उल्लंघन करता है। नागपुर नगर निगम के उप अभियंता सुनील गजभिये के मुताबिक बुलडोजर कार्यवाही से पहले हमें एक शिकायत की जांच करने का आदेश मिला था। जिसकी जांच के बाद एमआरटीपी अधिनियम (महाराष्ट्र क्षेत्रीय और नगर नियोजन अधिनियम, 1966) की धारा 53(1) के अनुसार 24 घंटे का नोटिस जारी किया गया था। इस नोटिस की अवधि पूरी होते ही निगम के अधिकारियों ने कार्यवाही शुरू की है।



