सरकारी दुकान से कोचियों को शराब की सप्लाई, गली – गली बिक रही अवैध शराब।

जगदलपुर : राज्य में वैध-अवैध शराब कि बिक्री में काफी बढ़ोत्तरी हो गई है, जहाँ राज्य सरकार अवैध शराब कि बिक्री पर प्रतिबंध कि बात कहती है, वहीं अब बस्तर से हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जहां खुद शासकीय शराब दुकानों से कोचियों को दिनदहाड़े भारी मात्रा में शराब सप्लाई की जा रही है। जब एक जांच टीम ने चांदनी चौक शराब दुकान पर एक ऐसे ही कोचिए को रंगे हाथों पकड़ा, जो बैग में भरकर शराब ले जा रहा था। अब सवाल उठ रहे कि जब सरकार कोचियों के खिलाफ सख्त कार्यवाही का दावा करती है तो ये धंधा आखिर क्यों फल-फूल रहा है? ऐसे ही राज्य के हर जिले में शराब बिक रही है।

वहीँ जगदलपुर के चांदनी चौक की तस्वीरें सरकारी दावों की पोल खोल रही है, जहां शराब दुकान में एक युवक बैग थमाता है और कुछ ही देर में वही बैग शराब की बोतलों से भरकर उसे सौंप दिया जाता है। शराब की वैध सीमा 6 लीटर है, लेकिन सामने जो दिखा उसमे 9 बियर और 10 क्वार्टर यानी कुल 8 लीटर से अधिक शराब एक ही युवक को दी जा रही है। अब सवाल ये है कि अगर दिन के उजाले में ये हाल है तो रात के अंधेरे में कितना खेल खेला जा रहा होगा।

रात में कोचियों का नेटवर्क सक्रिय, गली-गली में बिकती है शराब :

इस मामले में स्थानीय लोगों का कहना है कि शहर में रात होते ही कोचियों का नेटवर्क सक्रिय हो जाता है और गली-गली में शराब खुलेआम बेची जाती है। इस खुलासे के बाद जब आबकारी विभाग से जवाब मांगा गया तो जिम्मेदार अधिकारियों ने कैमरे पर कुछ भी बोलने से इंकार कर दिया। आबकारी अधिकारी ने बाइट देने से मना करते हुए कहा कि वे अधिकृत नहीं हैं, यानी या तो सिस्टम जानबूझकर आंखें मूंदे हुए हैं या फिर ये सीधे-सीधे मिलीभगत का मामला है।

सरकार एक तरफ कहती है कि अवैध शराब बिक्री पर सख्ती हो रही है, वहीं दूसरी ओर सरकारी दुकानों से ही ये धंधा चलाया जा रहा है। अब सवाल ये है कि क्या आबकारी विभाग और शासन इस खुलासे के बाद कार्यवाही करेगा? या फिर चुप्पी और साठगांठ के साए में कोचियों का ये कारोबार यूं ही चलता रहेगा। हालाँकि ये कारोबार आज तक बंद नहीं हुआ, किसी ना किसी तरीके से जारी रहता ही है।