दुर्ग/भिलाई : पहले से ही बर्खास्त महिला आरक्षक मोनिका सोनी गुप्ता के खिलाफ पहले ही कई गंभीर आरोप लगे हुये है। वहीँ अब मोहन नगर थाना क्षेत्र में चोरी के एक गंभीर प्रकरण में जब्त सोने की ज्वेलरी का गबन करने के आरोप में बर्खास्त महिला प्रधान आरक्षक मोनिका सोनी गुप्ता को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी महिला आरक्षक के खिलाफ गबन का मामला दर्ज कर उसे न्यायिक रिमांड पर जेल भेज दिया गया है। महिला आरक्षक के खिलाफ मामलों प्रशासनिक कार्यवाही सहित क़ानूनी कार्यवाही की जा रही है।
दरअसल, कुछ साल पहले दुर्ग की मोहन नगर पुलिस ने चोरी के एक मामले में करीब 79 ग्राम सोने की ज्वेलरी जब्त कर आरक्षक विवेचक मोनीका गुप्ता की अभिरक्षा में रखवाई गई थी, लेकिन कुछ समय बाद यह ज्वेलरी गायब पाई गई। जिसके बाद जांच के दौरान थाने में लगे हुये सीसीटीवी फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर संदेह महिला प्रधान आरक्षक मोनिका गुप्ता पर गया। मामले में पर्याप्त साक्ष्य मिलने के बाद उसके खिलाफ अपराध दर्ज कर जांच की गई। तो यह स्पष्ट हुआ कि सोने के जेवरों का गबन मोनिका गुप्ता ने ही किया था। इसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया और पड़ से बर्खास्त कर दिया गया।
पूर्व में भी लगे कई आरोप :
मोनिका गुप्ता पहले भी विवादों में रह चुकी है। पुलिस विभाग ने विभागीय जांच में दोषी पाए जाने पर उसे सेवा से बर्खास्त कर दिया था, जांच में साबित हुआ था कि उसने एक व्यक्ति से उसकी बेटी को नौकरी दिलाने के नाम पर अवैध रूप से रकम ली थी और अपने पद का दुरुपयोग किया था, वहीँ आरोप पत्र दिए जाने और अंतिम स्मरण पत्र जारी होने के बावजूद उसने अपना पक्ष प्रस्तुत नहीं किया। सामने आये साक्ष्यों के आधार पर उसके कृत्य को गंभीर कदाचार मानते हुए पुलिस सेवा के लिए अयोग्य घोषित किया गया था। वहीँ अब फिर से सोने के जेवर के चोरी का आरोप सिद्ध होने के बाद उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया हैं।



