रमन दीवान, तामेश्वर पटेल, फनेन्द्र चंद्राकर को एंबुलेंस चालक से मारपीट और तोड़फोड़ करने पुलिस ने किया गिरफ्तार।

धमतरी : निजी अस्पताल का चिकित्सा वाहन हो या प्रशासनिक किसी भी वाहन चालक से मारपीट करना एक अनुचित कृत्य है, ऐसे ही एक गंभीर मामला सामने आया है, जिसमें धमतरी जिले में मानवता की सेवा में लगी हुई एम्बुलेंस पर हमला करने वाले तीन आरोपियों के खिलाफ पुलिस ने सख्त कार्यवाही की है। बताया गया है कि एम्बुलेंस चालक से मारपीट और वाहन में तोड़फोड़ कर लाखों रुपये की क्षति पहुंचाने वाले तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। इन्होंने एम्बुलेंस चालक से मारपीट की है।

दरअसल यह पूरा मामला 8 जून की रात का है, जब धमतरी के उमरदा गौठान के पास हुए एक सड़क हादसे में व्यक्ति की मौत की सूचना मिलने पर वंदे मातरम परिवार समिति की एक एम्बुलेंस मौके पर पहुंची थी, जो सेवा कार्य में लगी हुई थी। वहीँ एम्बुलेंस चालक राधेश्याम निर्मलकर दुर्घटना स्थल पर राहत कार्य के लिए पहुंचे थे। घटना स्थल पर मौजूद कुछ लोगों ने एम्बुलेंस के देरी से पहुंचने की बात को लेकर चालक के साथ विवाद किया।

जिसके बाद आरोप है कि चालक के साथ अश्लील गाली-गलौच की गई, इसके साथ ही उसे जान से मारने की धमकी भी दी गई और हाथ-मुक्कों से मारपीट की गई। इतना ही नहीं, आरोपियों ने एम्बुलेंस वाहन में भी जमकर तोड़फोड़ की। वहीँ वाहन का सामने का कांच, बोनट, एंटीगेटर और अन्य हिस्से क्षतिग्रस्त कर दिये गये। इस घटना में एम्बुलेंस को लगभग एक लाख रुपये का नुकसान पहुंचाया गया था।

जिसके बाद पीड़ित चालक की शिकायत पर थाना कुरूद में विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की गई। पुलिस ने प्रार्थी और गवाहों के बयान, घटनास्थल का निरीक्षण, वीडियो फुटेज और शिनाख्ती कार्यवाही के आधार पर आरोपियों की पहचान की। जांच के दौरान पुलिस ने तीन आरोपियों रमन दीवान, तामेश्वर पटेल और फनेन्द्र उर्फ विक्की चंद्राकर को गिरफ्तार कर लिया गया है। तीनों के खिलाफ पुलिस ने क़ानूनी कार्यवाही की बात कही है।