सुहिणी सोच और पूज्य सिंधी पंचायत पन्नो अकिल ने आयोजित किया परिचय सम्मेलन, शामिल हुये संत युधिष्ठीर लाल।

राकेश डेंगवानी/रायपुर : वैवाहिक रिश्तों को लेकर बच्चों के परिजन अक्सर परेशान होते रहते है, उन्हें एक – एक रिश्ता देखने और समझने में काफी समय और पैसा खर्च होता है , उन्हें बहुत परेशानी उठानी पड़ती है, माँ – बाप की इन्हीं परेशानियों को ध्यान में रखकर “सुहिणी सोच और पूज्य सिंधी पंचायत पन्नो अकिल” ने पहले भी सराहनीय प्रयास किया है, और अब दोनों संस्थाओं ने आपसी सहयोग से रायपुर में परिचय सम्मेलन का जो खास आयोजन किया है, उसमें आमतौर पर कुंवारे युवक – युवतियों के लेकर ये आयोजन किये जाते है, पर उससे भी बढ़कर यह परिचय सम्मेलन विधवा, विधुर व तलाक शुदाओं के लिये आयोजित किया गया।

सैकड़ों समाज सेवियों और संतों की उपस्थिति में आयोजित हुआ परिचय सम्मेलन :

सुहिणी सोच तथा पूज्य सिंधी पंचायत पन्नो अकिल परिवार के सहभागिता से राष्ट्रीय स्तर पर विधवा विधुर व तलाक शुदा परिचय सम्मेलन राजधानी के वृन्दावन हाल में बड़े ही पारिवारिक माहौल में संपन्न हुआ। इस परिचय सम्मेलन की शुरुआत भगवान झूलेलाल जी की आरती, गायत्री मंत्र व अध्यक्ष करिश्मा कमलानी के स्वागत भाषण से हुई। उसके बाद संस्था की फाउंडर मनीषा तारवानी ने कहा रब ने तो जोड़ियां पहले से तय की हुई है बस उन्हें मिलने का नेक कार्य सुहिणी सोच संस्था सिंधी पंचायत पन्नो आकिल कर रही है। उसके बाद कार्यक्रम का संचालन उपाध्यक्ष माही बुलानी ने किया ।

इस निःशुल्क राष्ट्रीय स्तर भारतीय परिचय सम्मेलन हेतु विभिन्न प्रदेशों एवम शहरो से लड़कों के 390 और लड़कियों के 35 पंजीयन प्राप्त हुए। लड़कों का चयन लड़कियों की उम्र वैवाहिक स्तर के आधार पर सुहिणी सोच वा पन्नो अकिल परिवार की कमेटी द्वारा 80 लड़कों व 35 लड़कियों का चयन किया गया। इस परिचय सम्मेलन में विभिन्न प्रदेशों एवम शहरो से जैसे बिलासपुर , दुर्ग, गोंदिया, कटनी, जबलपूर बालाघाट, तिल्दा, रायगढ़, महाराष्ट्र व उड़ीसा से युवक व युवतियां अपने अभिभावकों के साथ उपस्थित हुई। सभी का परिचय संस्था के पदाधिकारियों ने दिया साथ ही उनके अभिभावकों के साथ एक एक कर मंच पर आमंत्रित किया गया जिससे युवक युवतियों एवं उनके अभिभावकों को भी सबने देखा, सुना और उनका परिचय सबको मिला। सभी का परिचय होने के बाद अंत में सभी को एक दूसरे के एवं उनके परिवार के साथ बात करने का मौका मिला।कार्यक्रम के दौरान काफी परिवारों का एक दूसरे के प्रति रुझान दिखा।

परिचय सम्मेलन में उपस्थित सभी युवक वा युवतियों एवम उनके अभिभावकों को मोटिवेट करने के लिए विशेष रूप से सी ए चेतन तारवानी जी उपस्थित थे। परिचय सम्मेलन में अतिथि के रूप में पूज्य शदाणी दरबार के संत श्री युधिष्ठिर लाल साई जी व उनकी धर्म पत्नी दीपिका भाभी मां उपस्थित हुए उन्होंने अपने आशीर्वाद रूपी शब्दो से समझाया कि लड़के वा लड़की दोनो पक्षों को सुझबुझ वा साझेदारी से शादी जेसे पवित्र बंधन को निभाना चाहिए ताकि ये तलाक की नौबत किसी के बीच न आए।दूसरी अतिथि छ. ग. राज्य महिला आयोग की अध्यक्ष डा. किरणमयी नायक बेटों को भी घर के छोटे मोटे कार्य में सहयोग करना सीखना चाहिए ताकि पति पत्नी दोनो को घर में समान दर्जा मिल सके।इस आयोजन में महिला सहकारिता राष्ट्रीय प्रमुख शताब्दी पांडे भी शामिल हुई, इसके अलावा सिंधू समाधान के अध्यक्ष टीकम नागवानी भारतीय सिंधू सभा के संगठन मंत्री लधाराम नैनवानी समाज सेवी रेखा कुकरेजा राजू भाई तारवानी मुरलीधर शादीजा उत्तम तारवानी का सम्मान किया गया।

इस परिचय सम्मेलन में पूज्य सिंधी पंचायत पन्नो अकिल परिवार के मुखी भीमन दास तारवानी हरीश तारवानी सतराम बजाज,पंजुमाल होतवानी, सुनील रामवानी,पोकरमाल होतवानी, प्रताप राय मेठानी, रमेश दासवानी, अनिल बजाज ,वीरभान टिलवानी,राजेश मंधनी ,विनोद मेघानी, पवन होतवानी उपस्थित थे।सभी अतिथियों का स्वागत एवम सम्मान किया गया। सुहिणी सोच के इस परिचय सम्मेलन में मुख्य रूप से फाउंडर मनीषा तारवानी ,अध्यक्ष करिश्मा कमलानी कार्यकम कि निर्देशक ज्योति बुधवानी ,रेनू कृष्णानी,संगीता पुरी,सोनिया गंगवानी वा सदस्य पल्लवी चिमनानी साक्षी मखीजा आरती मयानी,जूही दरयानी पूनम बजाज सोनिया असरानी मुस्कान लालवानी,कृतिका बजाज आदि शामिल हुए।इस कार्यकम का संचालन माही बुलानी ने किया।अंत में धन्यवाद ज्ञापन सचिव दीक्षा बुधवानी ने किया। यह जानकारी मीडिया प्रभारी आरती मयानी द्वारा दी गई।