कानपुर हिंसा के आरोपी मुख्तार बाबा पर एक और मुकदमा, हिंसा के लिये किया था फाइनेंस, मुख्तार बाबा के स्वीट हाउस में अब ये गड़बड़ी पकड़ाई,…..।

कानपुर (उ.प्र.) : कानपुर के संगठन एमएमए जौहर फैंस एसोसिएशन ने भाजपा की प्रवक्ता के पैगम्बर मोहम्मद पर आपत्तिजनक टिप्पणी का विरोध करने के लिए मुसलमानों से कारोबार को तीन जून को बंद रखने की अपील जारी की थी, 3 जून 2022 को कानपुर में जुमे की नमाज़ के बाद पैगंबर मोहम्मद पर अभद्र टिप्पणी करने वाली नूपुर शर्मा की गिरफ़्तारी को लेकर प्रदर्शन हुआ जो बाद में हिंसा में तब्दील हो गया था।

इस मामले में यूपी पुलिस ने बाक़ायदा आरोपियों के जगह-जगह पोस्‍टर लगाए थे और उनकी पहचान बताने वालों के लिए इनाम की घोषणा भी की थी, नई सड़क हिंसा के आरोपी मुख्तार बाबा पर अब खाद्य पदार्थों में मिलावट का मुकदमा भी चलेगा। बेकनगंज में शत्रु संपत्ति परिसर में चल रहे बाबा स्वीट हाउस के चार सैंपल फेल हो गए हैं। सोहन पापड़ी, दही और बेसन में मिलावट मिली है। अब एडीएम सिटी की कोर्ट में मुकदमा दर्ज होगा। हिंसा के आरोपियों पर यूपी पुलिस की कार्यवाही जारी है।

8 खाद्य पदार्थों के लिए गए थे सैंपल :

मुख्तार बाबा बेकनगंज में शत्रु संपत्ति पर बिरयानी और स्वीट हाउस चला रहा था। शत्रु संपत्ति कस्टोडियन के आदेश पर प्रशासन ने बिरयानी हाउस को सील कर शत्रु संपत्ति पर कब्जा लिया था। करीब तीन माह पहले सहायक खाद्य आयुक्त द्वितीय विजय प्रताप सिंह के नेतृत्व में खाद्य विभाग ने बाबा स्वीट हाउस से दही, बेसन, सोहन पापड़ी समेत आठ सैंपल लिए थे। सभी सैंपल जांच को प्रयोगशाला भेजे गए थे। इसमें चॉकलेट पेस्ट्री, खोया, घी और खोया की मिठाई के नमूने पास हो गए हैं। बेसन, दही, सोहन पापड़ी और काजू बर्फी के सैंपल फेल हो गए हैं। एडीएम सिटी राजेश कुमार के मुताबिक, शत्रु संपत्ति सील करते समय बाबा स्वीट हाउस के लिए गए चार सैंपल फेल हैं। उसी के सम्बन्ध में मुख्तार बाबा पर एक और मुकद्दमा दर्ज हो गया है।

कानपुर हिंसा का मुख्य फाइनेंसर :

3 जून 2022 को कानपुर में भड़की हिंसा को पूरी तरह प्रायोजित किया गया था। साजिश के तहत पूरी हिंसा को अंजाम दिया गया था। इसको फाइनेंस करने के पीछे मुख्तार बाबा का हाथ सामने आया था। इसके बाद से ही मुख्तार बाबा जेल में बंद है। मुख्तार बाबा पर पुलिस लगातार शिकंजा कस रही है।