हमीरपुर (उ.प्र.) : अभी तक इश्क में लड़कियां और लड़कों के धर्म बदलने के मामले सुने जाते रहे है, लेकिन एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां प्रशासन के एक अधिकारी ने धर्म परिवर्तन कर मस्जिद में नमाज पढ़ना शुरू कर दिया है। इस अनजान व्यक्ति को नमाज पढ़ते देख मस्जिद के लोगों का माथा ठनक गया। जब उक्त व्यक्ति के बारे में जानकारी की गई तो पता चला कि वह तहसील का नायाब तहसीलदार है। प्रशासन ने सूचना मिलते ही मामले की जांच के निर्देश दे दिए। तहसीलदार ने मामले की जांच भी शुरू कर दी है। नायाब तहसीलदार वैश्य विरादरी के हैं और शादीशुदा हैं। इनके मस्जिद में नमाज पढ़ने की जानकारी लगते ही मस्जिद से जुड़े लोग भी हैरान हो गये। जबकि अगर यह धर्म बदलने का मामला है तो इसके लिये क़ानूनी प्रक्रिया के तहत गुजरना होता है।
खबर है कि हमीरपुर जिले के मौदहा तहसील में तैनात नायब तहसीलदार आशीष गुप्ता पर धर्म परिवर्तन का आरोप लगा है। नायाब तहसीलदार मौदहा कस्बे की एक मस्जिद में नमाज पढ़ने कई दिनों से जा रहे हैं। टोपी पहनकर नमाज पढ़ते अंजान आदमी को देखकर मौलाना का भी माथा ठनक गया। उन्होंने उस शख्स से नाम और पता पूछा तो नायब तहसीलदार ने अपना असली नाम छिपाते हुए मोहम्मद यूसुफ बताया और कहा कि वह यहां का नायाब तहसीलदार है। इस मामले को लेकर प्रशासनिक स्तर पर भी हड़कम्प मच गया है।
मौलाना ने अधिकारियों को दी सूचना :
मस्जिद के मौलाना ने इसकी सूचना आनन-फानन में जिले के एसडीएम को दी। मस्जिद के मोहम्मद मुस्ताक ने बताया कि एक अज्ञात व्यक्ति मस्जिद में लगातार नमाज पढ़ने आता है। पूछने पर इसने अपना नाम मोहम्मद यूसुफ और मौदहा तहसील का नायब तहसीलदार बताया है। ये कानपुर का रहने वाला है। बताया कि मामला गंभीर देख इसकी सूचना अधिकारियों को तुरंत दी गई है। नायाब तहसीलदार शादीशुदा है जो यहां मौदहा में काफी समय से तैनात है।
मजिस्द से लोगों के बयान किए दर्ज :
मजिस्द के मोहम्मद मुस्ताक ने बताया कि सूचना पर तहसीलदार मौदहा ने जांच शुरू कर दी है। तहसीलदार ने मस्जिद में लोगों के बयान दर्ज किए है। इधर एडीएम अरुण मिश्रा ने बताया कि नायाब तहसीलदार के नमाज पढ़ने मस्जिद जाने की जांच कराई जा रही है। एसडीएम राजेश मिश्रा ने मंगलवार को शाम बताया कि मजिस्द के मौलाना ने इस मामले की सूचना दी थी, जिस पर मजिस्द पहुंचकर मामले की जांच कराई गई है। बताया कि तहसीलदार ने मौके पर पहुंचकर प्रकरण की जांच की। जांच के दौरान नायाब तहसीलदार आशीष गुप्ता ने अधिकारियों को बताया कि वह उर्दू पढ़ने के लिए मस्जिद गया था। बताया कि इस प्रकरण की जांच अभी कराई जा रही है। जांच होने के बाद इसकी पूरी रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को भेजी जाएगी। नायाब तहसीलदार आशीष गुप्ता के बयान को लेकर संदेह है मामले की जांच की जा रही है, सवाल है कि मस्जिद नमाज अदा की जाती है और मदरसे में उर्दू पढाई जाती है।