नागपुर की भाजपा कार्यकर्ता सना खान की हत्या के मामले में नया मोड़, अब तक नहीं मिला शव, सामने आया ये मामला….।

नागपुर (महाराष्ट्र) : घटना अगस्त 2023 की है मध्य प्रदेश में नागपुर निवासी भाजपा पदाधिकारी सना खान की हत्या मामले की जांच कर रही पुलिस ने बताया था कि सना को सेक्सटार्शन गिरोह में शामिल होने के लिए बाध्य किया गया। यह गिरोह सना के पति और अन्य द्वारा संचालित किया जा रहा था। वह सना का उपयोग हनी ट्रैप के लिए करता था। अब महाराष्ट्र के नागपुर की भाजपा कार्यकर्ता सना खान की हत्या मामले में नया मोड़ सामने आया है। इस हत्याकांड के 6 महीने बाद मोबाइल और लैपटॉप बरामद किया गया है। ये दोनों चीजें इस हत्याकांड के मुख्य आरोपी पप्पू साहू के पुराने घर पर मिली हैं। ये वही जगह हैं, जहां पप्पू साहू की मां रहती हैं। इसके साथ ही पुलिस ने कोर्ट से पॉलीग्राफिक टेस्ट की मांग भी की है। इससे पहले कोर्ट ने इस टेस्ट को नकार दिया था लेकिन एक बार फिर पुलिस ने इस मामले में कोर्ट का दरवाजा खटखटाया है।

ये है पूरा मामला? 

ये पूरा मामला नागपुर भाजपा की सक्रिय कार्यकर्ता सना खान से जुड़ा हुआ है, जिसकी मध्य प्रदेश के जबलपुर में अमित उर्फ पप्पू साहू के साथ एक ढाबे में पार्टनरशिप थी। इसी सिलसिले में 1 अगस्त को सना खान उससे मिलने के लिए जबलपुर गई थी और तब से लापता थी। अब तक सना का कोई पता नहीं चल पाया है, जिसको लेकर पुलिस की तहकीकात जारी है।

सना खान की गुमशुदगी की रिपोर्ट नागपुर के मानकापुर पुलिस थाने में दर्ज की गई थी, जिसके बाद नागपुर पुलिस ने सना की खोज शुरू की। इसमें पता चला कि सना के पार्टनर अमित साहू ने ही हत्या की है, जिसके बाद नागपुर पुलिस ने अमित को जबलपुर से ही गिरफ्तार कर लिया। अमित ने भी हत्या की बात कबूल की है। इसके साथ ही उसके 5 साथियों को भी पुलिस ने गिरफ्तार किया था लेकिन अभी तक इस मामले में सना खान का शव नहीं मिला है। अमित साहू ने पुलिस को बताया कि सना उसकी पत्नी थी और उसने पैसे और व्यक्तिगत मुद्दों को लेकर उसकी हत्या कर दी और उसके शव को जबलपुर में एक नदी में फेंक दिया था। सना नागपुर में भाजपा के अल्पसंख्यक प्रकोष्ठ की पदाधिकारी थी।