महादेव सट्टा, कोयला और शराब घोटाले को लेकर ACB पहुंची रायपुर के सेन्ट्रल जेल, सामने आया ये कारण….।

रायपुर : लगातार ACB, GST, ED और IT के अधिकारी किसी ना किसी मामले को लेकर अपराधियों के खिलाफ लगी हुई है, वहीँ छत्तीसगढ़ में महादेव सट्टा ऐप को लेकर फिर से सुगबुगाहट शुरू हो गई है, महादेव एप को लेकर केन्द्रीय एजेंसियां लगातार लगी हुई है। अब एंटी करप्शन ब्यूरो ने भी सेंट्रल जेल में लंबे समय से बंद महादेव सट्टा ऐप, कोयला घोटाला और शराब घोटाले के आरोपियों से पूछताछ शुरू कर दी है। ACB को इसके लिए स्पेशल कोर्ट ने अनुमति दी है। ACB की टीम शुक्रवार की सुबह से ही सेंट्रल जेल रायपुर पहुंच गई, यहां बंद आरोपियों से पूछताछ की गई। कोर्ट ने ACB को 29 मार्च से 2 अप्रैल के बीच पूछताछ की अनुमति दी है।

उल्लेखनीय है कि, आरोपियों से पूछताछ के लिए ACB की ओर से ED की स्पेशल कोर्ट में तीन आवेदन पेश किए गए थे। आवेदन में कहा गया था कि, इन मामलों में आगे की जांच के लिए जेल में बंद आरोपियों से पूछताछ करना जरूरी है। कोर्ट ने आवेदन को स्वीकार करते हुए जेल में ही पूछताछ की अनुमति दी है। जिसको लेकर ACB अब जेल में ही आरोपियों से पूछताछ में लगी हुई है।

इन आरोपियों से हो रही पूछताछ :

शराब घोटाले मामले में रायपुर सेंट्रल जेल में बंद अरविंद सिंह, महादेव सट्टेबाजी में असीम दास, भीम यादव व सतीश चंद्राकर, कोयला घोटाले में समीर बिश्नोई, सूर्यकांत तिवारी, शिवशंकर नाग और नायर से पूछताछ होगी। ACB इन सभी से पूछताछ करेगी।

 कार्यवाही में अब तेजी आने की उम्मीद :

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कांग्रेस सरकार के दौरान छत्तीसगढ़ में कोयला शराब और महादेव सट्टा एप मामले में पिछले दिनों ACB ने FIR दर्ज की है। इन सभी मामलों में ED की ओर से प्रतिवेदन दिया गया था। ED की ओर से ACB को भेजे प्रतिवेदन में ये कहा गया कि -ईडी ने PMLA के तहत उपरोक्त मामलों में कार्यवाही की है। ED की जांच में इन प्रकरणों में आईपीसी की विभिन्न धाराओं और लोकसेवकों की गड़बड़ी के मजबूत संकेत मिले हैं, अतः नियमों के अनुसार यह प्रतिवेदन ACB को प्रेषित कर रहे है, ताकि उपयुक्त धाराओं के तहत प्रकरण दर्ज कर आवश्यक अग्रिम कार्यवाही सुनिश्चित की जा सके। हो सकता इस मामले में पूर्व मुख्यमंत्री भी कार्यवाही की जद में आ जायें, शिबू सोरेन और केजरीवाल के जेल जाने के बाद राजनैतिक गलियारों में इसकी भी चर्चा शुरू हो गई है।