मधुमेह, आँतों की बीमारी और गठिया के दर्द से राहत देगा ये पत्ता, एक बार जान लें ये जरुरी जानकारी।

स्वास्थ्य : आयुर्वेद भारत की पारंपरिक चिकित्सा प्रणाली है, जिसका इतिहास 4,000 साल से भी पुराना है। यह इस सिद्धांत पर आधारित है कि रोग शरीर की जीवन शक्ति या प्राण के असंतुलन से उत्पन्न होते हैं। इस जीवन शक्ति का संतुलन तीन शारीरिक गुणों के संतुलन से निर्धारित होता है जिन्हें दोष कहा जाता है : वात, पित्त और कफ। ऐसे में कोई समस्या किससे जुड़ी हुई है इसके बारे में सही जानकारी एक निपुण वैद्य ही दे सकता है। ऐसे में हम कई बीमारियों को लेकर परेशान रहते है, जो कि हमें लगातार परेशान करती है। आयुर्वेद चिकत्सा में कोई भी साइड इफ़ेक्ट नहीं होता। वहीँ आयुर्वेद के अंतर्गत कुछ पौधों में पाए जाने वाले पौष्टिक तत्व आपकी पूरी सेहत पर सकारात्मक असर डाल सकते हैं। ऐसे में गिलोय का नाम भी इस तरह के लाभदायक पौधों की सूचि में शामिल है, जिसके बारे में शायद आप जानते हों। गिलोय के पत्ते आपकी सेहत के लिए किसी वरदान से कम साबित नहीं होंगे। आपकी जानकारी के लिए बता दें कि गिलोय के पत्तों में औषधीय गुणों को अच्छी खासी मात्रा पाई जाती है, जो कई गंभीर बीमारियों से लड़ने में मददगार साबित हो सकती हैं। 

मधुमेह को नियंत्रित करने में कारगर :

मधुमेह (डायबिटीज) जैसी साइलेंट किलर बीमारी को नियंत्रित करने के लिए भी गिलोय का सेवन करने की सलाह दी जाती है। इसके अलावा पीलिया के इलाज के लिए भी गिलोय का इस्तेमाल किया जाता है। लिवर हेल्थ के लिए भी गिलोय का सेवन करना फायदेमंद साबित हो सकता है। अगर आप अपने लिवर को डैमेज होने से बचाना चाहते हैं तो गिलोय खाना शुरू कर दीजिए, इससे आपको जाने – अनजाने स्वास्थ्य के कई लाभ मिलेंगे। 

आँतों को स्वस्थ रखने के लिये लाभदायक :

आचार्य श्री बालकृष्ण के मुताबिक गिलोय आपकी आँतों के स्वास्थ्य को काफी हद तक बेहतर कर सकता है। अगर आप भी पेट से जुड़ी समस्याओं से छुटकारा पाना चाहते हैं तो आपको गिलोय को अपनी डाइट का हिस्सा बना लेना चाहिए। गिलोय एसिडिटी कब्ज और बवासीर जैसी दिक्कतों के ट्रीटमेंट के लिए काफी ज्यादा फायदेमंद साबित हो सकता है। इसके अलावा गिलोय के पत्तों में पाए जाने वाले तत्व कैंसर जैसी जानलेवा बीमारी के खतरे को भी कम कर सकते हैं, यह काफी फायदेमंद होगा। 

गठिया के दर्द से मिलेगा छुटकारा :

सावन में महत्वपूर्ण महामृत्युंजय मन्त्र, इसकी उत्पत्ति की कथा और महत्व के साथ , पूर्ण सुनना आवश्यक है:  https://www.youtube.com/watch?v=L0RW9wbV1fA

अगर आप गठिया के दर्द से छुटकारा पाना चाहते हैं तो अपने रोज के आहार में गिलोय को शामिल कर लीजिए। इतना ही नहीं गिलोय के पत्ते हृदय से जुड़ी जानलेवा बीमारियों के खतरे को भी कम कर सकते हैं। गिलोय के पत्तों के साथ-साथ गिलोय का काढ़ा और गिलोय का रस भी आपकी सेहत को काफी हद तक इम्प्रूव कर सकता है। पत्तों का सीधा सेवन भी कर सकते है अथवा उनका रस भी पी सकते है।