स्वास्थ्य को लेकर है चिंतित, तो स्वस्थ यकृत के लिये आजमायें इन बेहतर जड़ीबूटियों को….।

स्वास्थ्य : बदलते परिवेश में समय की कमी और अशुद्ध खान-पान के साथ, अनियमित खानपान और आजकल की भागदौड़ भरी जीवनशैली और हद से ज्यादा शराब पीना यकृत (लीवर) के लिए नुकसानदायक है। ऐसे में अपनी यकृत को स्वस्थ रखने के लिए जरुरी ध्यान रखना ऐसे में आप के लिए आयुर्वेदिक जड़ी बूटियां फायदेमंद हो सकती हैं। चलिए, जानते हैं आप कब और कैसे सेवन करें? 

यकृत को स्वस्थ बनाती हैं ये जड़ी बूटियां :

  • आंवला : आंवला यकृत को साफ़ करने का काम करता है। इसमें पाए जाने वाले नुट्रिएंट्स यकृत की कार्य क्षमता को बढ़ाते हैं। आंवले में हेप्टो प्रोटेक्टिव क्षमताएं होती हैं जो यकृत की कोशिकाओं को स्वस्थ बनाए रखती हैं। आंवले का उपयोग आप कई तरह से कर सकते हैं। कच्चे आंवले का सेवन करें। इसके अलावा आंवले के जूस और कैंडी भी इस्तेमाल कर सकते हैं। इसका पाचन शक्ति ठीक करने में बड़ा लाभ मिलता है।
  • एलोवेरा : एलोवेरा में भरपूर मात्रा में फाइबर और एंटीऑक्सीडेंट्स पाए जाते हैं, जो यकृत को फ्री रेडिकल्स के कारण होने वाले कई तरह के नुकसान और से बचाते हैं। सीमित मात्रा में एलोवेरा का सेवन करने से लीवर लंबे समय तक स्वस्थ रहता है। एलोवेरा का इस्तेमाल सबसे ज्यादा जूस के रूप में किया जाता है। रोजाना सुबह खाली पेट दो तीन छोटी चम्मच एलोवेरा जूस में इतनी ही मात्रा में पानी मिलाकर पिएं। इसका रोज का सेवन आपके लिये लाभकारी है।   
  • पुनर्नवा : यकृत में सूजन की समस्या के लिए पुनर्नवा फायदेमंद है। पुनर्नवा एक जड़ी-बूटी है जिसका इस्तेमाल औषधि के रूप में किया जाता है। यह यकृत की सूजन कम करता है। चूर्ण और सिरप के रूप में इस्तेमाल कर सकते है। कितनी मात्रा में लेना है इसके लिए आयुर्वेदिक चिकित्सक से संपर्क करें। इसका भी स्वास्थ्य में आपको बड़ा लाभ मिलेगा।

यकृत को स्वस्थ रखने के लाएं ये बदलाव :

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  • रोजाना कम से 8-10 गिलास पानी पिएं। इससे शरीर से टॉक्सिक तत्व भी आसानी से बाहर निकल जाते हैं।  
  • डाइट में पौष्टिक चीजें शामिल करें। यकृत के लिए हरी सब्जियां, फल, दालें, मूली, गाजर और लौकी खाएं।  
  • शराब यकृत को बहुत नुकसान पहुंचाता है इसलिए शराब का सेवन बिल्कुल ना करें।  
  • नियमित व्यायाम करने से लीवर की कार्यक्षमता में सुधार होता है। रोजाना आधे घंटे व्यायाम, योग या प्राणायाम करें।  
  • बहुत ज्यादा स्ट्रेस भी लीवर के स्वास्थ्य को प्रभावित कर सकता है। तनाव से दूर रहें