नई दिल्ली : कानपुर से शुरू हुये विवाद के बाद मुस्लिम समाज के लोगों ने हिन्दुओं के सामने भारी भीड़ लाकर प्रदर्शन किया, जिससे आम हिन्दुओं में डर की भावना पैदा हो गई तो वहीँ अब हिन्दू संगठन भी मस्जिदों के बाहर प्रदर्शन करने की तैयारी में है। अब देशभर में ‘आई लव मुहम्मद’ और ‘आई लव महादेव’ पोस्टरों को लेकर विवाद बढ़ता जा रहा है। जुमे की नमाज के बाद आज मस्जिदों के बाहर प्रदर्शन की तैयारी है, वहीं हिंदू संगठनों ने भी ‘आई लव महादेव’ कैंपेन के साथ जवाबी प्रदर्शन शुरू कर दिए हैं। कई शहरों में तनाव का माहौल है, और प्रशासन ने शांति बनाए रखने के लिए कड़े इंतजाम किए हैं। दिल्ली की जामा मस्जिद के बाहर जुम्मे की नमाज के बाद बड़ी संख्या में लोग ‘आई लव मुहम्मद’ के पोस्टर लेकर प्रदर्शन करने की तैयारी में हैं। कानपुर, लखनऊ और मुंबई जैसे शहरों में भी मुस्लिम संगठनों ने विरोध प्रदर्शन का ऐलान किया है।
बरेली में मौलाना तकीर रजा ने किया ये आह्वान :
मुस्लिम संगठनों का इस मामले में कहना है कि कानपुर में ‘आई लव मुहम्मद’ के पोस्टर लगाने वालों के खिलाफ की गई पुलिस कार्यवाही गलत है। उनका आरोप है कि इससे सांप्रदायिक सौहार्द बिगड़ा है और निर्दोष नागरिकों के मौलिक अधिकारों का हनन हुआ है। वहीं, बरेली में मौलाना तौकीर रजा ने जुम्मे की नमाज के बाद इस्लामिया ग्राउंड में लोगों के जमा होने और कलेक्ट्रेट तक मार्च करने का आह्वान किया है। तो वहीँ हिन्दू पक्ष का कहना है कि प्रशासनिक कार्यवाही के विरोध में हिन्दुओं के सामने भीड़ इकठ्ठा करके आपत्तिजनक नारे लगाने का क्या मतलब है?
हालांकि, प्रशासन ने इस प्रदर्शन की इजाजत नहीं दी है और धारा 163 लागू कर दी गई है। बरेली में डीएम और एसएसपी ने एक हजार से ज्यादा पुलिसकर्मियों, जिसमें महिला पुलिसकर्मी भी शामिल हैं, के साथ संवेदनशील इलाकों में फ्लैग मार्च किया। तौकीर रजा ने सफाई दी है कि उन्होंने कोई प्रदर्शन नहीं बुलाया, बल्कि केवल कलेक्ट्रेट में ज्ञापन सौंपने की योजना बनाई है। उनका कहना है कि देश में मुस्लिमों की सुनवाई नहीं हो रही है। वहीँ मामले में माहौल बिगड़ने की उम्मीद है।
हिंदू संगठनों ने शुरू किया ‘आई लव महादेव’ कैंपेन :
‘आई लव मुहम्मद’ के जवाब में हिंदू संगठनों ने ‘आई लव महादेव’ कैंपेन शुरू कर दिया है। मुंबई, वाराणसी, गुजरात और असम जैसे राज्यों में सड़कों, खंभों और घरों पर ‘आई लव महादेव’ के पोस्टर लगाए जा रहे हैं। हिंदू संगठनों ने जुम्मे के दिन गरबा पंडालों में महाआरती का आयोजन करने की भी योजना बनाई है। मुंबई में गरबा नाइट्स में आने वालों को ‘आई लव महादेव’ के पोस्टर बांटे जा रहे हैं। लगातार दोनों [पक्ष आमने – सामने आ रहे है।
भाजपा विधायक नीतीश राणे ने चेतावनी दी है कि अगर इस विवाद के जरिए मुंबई का माहौल बिगाड़ने की कोशिश हुई तो इसे बर्दाश्त नहीं किया जायेगा। काशी में साधु-संत भी ‘आई लव महादेव’ के नारे के साथ सड़कों पर उतर आए हैं। सुमेरु पीठ के शंकराचार्य नरेन्द्रानंद के नेतृत्व में संतों ने पार्कों और घरों में ‘आई लव महादेव’ के पोस्टर लगाए। शंकराचार्य ने आरोप लगाया कि इस विवाद के पीछे चुनी हुई सरकार के खिलाफ साजिश रची जा रही है। जो कि चिंताजनक है।
इसी मुद्दे को लेकर देश के विभिन्न हिस्सों के भाजपा नेताओं ने भी अपने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर आई लव महादेव स्टेटस लगाया है, इसके अंतर्गत छत्तीसगढ़ में भी भाजपा नेता प्रकाश बजाज ने भी इसी मुहिम को अपना समर्थन देते हुए अपना स्टेटस लगाया है आई लव महादेव।



