छत्तीसगढ़ में सरकारी कर्मचारियों की मौज, 2026 के 12 महीनों में 7 महीने रहेगी छुट्टी, सिर्फ पांच महीने ही करना पड़ेगा काम।

रायपुर : हर आदमी सरकारी नौकरी क्यूँ चाहता है, इसके कई कारण है, वहीँ अब नये साल की शुरूआत छत्तीसगढ़ के सरकारी कर्मचारियों के लिए खुशखबरी लेकर आई है। साल 2026 में राज्य सरकार द्वारा जारी अवकाश कैलेंडर के अनुसार कर्मचारियों को भरपूर छुट्टियों का लाभ मिलने वाला है। सभी त्यौहारों, साप्ताहिक अवकाश और आरक्षित छुट्टियों को मिलाकर इस साल कर्मचारियों को लंबा आराम और परिवार ते साथ समय बिताने का अवसर मिलेगा। वहीँ अब छत्तीसगढ़ सरकार ने साल 2026 के लिए पब्लिक और ऑप्शनल छुट्टियों की लिस्ट जारी कर दी है। यह लिस्ट अब आधिकारिक तौर पर गजट में प्रकाशित हो गई है, अब जिसके बाद कर्मचारियों में ख़ुशी की लहर दौड़ गई है।

छत्तीसगढ़ में सरकारी कर्मचारियों के लिए साल 2026 खुशियों और छुट्टियों से भरा होने वाला है। सरकारी आदेश के अनुसार, साल 2026 के लिए कुल 107 छुट्टियों की लिस्ट जारी की गई है। इस लिस्ट में 18 पब्लिक हॉलिडे शामिल हैं, जबकि शनिवार और रविवार को छोड़कर 28 आम छुट्टियां तय की गई हैं। इसके अलावा, कर्मचारियों के लिए 61 ऑप्शनल छुट्टियां भी दी गई हैं। इसके अलावा शनिवार-रविवार को मिलाकर पूरे साल में 211 दिन की छुट्टी मिलेगी। सरकारी कर्मचारी अब सिर्फ 5 महीने काम करके ही 12 महीने की तनख्वाह लेगा।

इन बड़े त्यौहारों पर नहीं मिलेगी छुट्टी :

इसका मतलब कर्मचारियों को साल 2026 में 365 दिनों में से सात महीने छुट्टी रहेगी और कर्मचारियों को सिर्फ पांच महीने ही काम करना होगा। सरकारी कर्मचारियों के लिए 2026 छुट्टियों का साल जरूर होगा, लेकिन कुछ त्यौहारो पर उन्हें अतिरिक्त छुट्टी का फायदा नहीं मिलेगा। जैसे इस बार महाशिवरात्रि और दिवाली जैसे बड़े त्यौहार रविवार को पड़ रहे हैं। इसके लिए अलग से कोई छुट्टी नहीं दी जायेगी। इसके साथ ही छत्तीसगढ़ सरकार का यह अवकाश कैलेंडर सभी सरकारी ऑफिस, स्कूलों और विभागों में लागू होगा। वहीं ऑप्शनल छुट्टियों के नियम पहले जैसे ही रहेंगे। इसका मतलब है कि कर्मचारी अपनी जरूरत और सुविधा के हिसाब से कुछ छुट्टियां खुद चुन सकते हैं।

नया साल 2026 सरकारी कर्मचारियों और टीचरों के लिए ढेर सारी छुट्टियां लेकर आया है, शासकीय कर्मचारियों को काम कम और आराम अधिक मिलेंगे, शासकीय नौकरी के लिए आम लोगों का जुनून की कई वजह हैं, सुविधाएं, नौकरी की गारंटी के साथ साथ मन चाहे अवकाश। यही वजह है कि शासकीय कर्मचारी बनना हर किसी का सपना होता है। बाकी मेहनतकश आम आदमी की जेब से ही इनकी तनख्वाह भरी जाती है।