रायपुर : संस्था बढ़ते कदम के प्रयास हमेशा सराहनीय होते है, वो अपने सभी सामाजिक दायित्वों को बड़ी जिम्मेदारी से निभाते है, चाहे वो राष्ट्र के प्रति हो या समाज के प्रति, सभी में संस्था के योगदान महत्वपूर्ण होते है। जहाँ दिवाली के पर्व को बुजुर्गों द्वारा बड़ी ही ख़ुशी से मनाया, वहीँ उन बुजुर्गों के लेकर बढ़ते कदम ने उनकी ख़ुशी को दुगुना कर दिया, उन्हें भगवान जगन्नाथ की यात्रा पर भी लेकर रवाना हो चुके है, साथ ही राज्य में चुनाव को लेकर वे उन्हें समय पर मतदान के लिये वापस लेकर भी लौटेंगे।
संस्था बढ़ते कदम द्वारा प्रतिवर्ष दिवाली के पावन अवसर पर ऐसे बुजुर्ग माता पिताओं के लिए निःशुल्क तीर्थयात्रा का आयोजन कराई जाती है,जो आर्थिक रूप से कमजोर रहते हैं,एवं जिनकी संतान अपनी पारिवारिक जरूरतों को पूरा करने की जुगत में अपने माता पिता के लिए वक्त नहीं निकाल पाते हैं । संस्था अध्यक्ष अशोक गुरुबक्षाणी एवं यात्रा संयोजक सुनील नारवानी द्वारा स्पष्ट किया गया कि बुजुर्गों को एकाकीपन से दूर रखने एवं धर्म व संस्कृति से जोड़ने के उद्देश्य से ऐसी धार्मिक तीर्थयात्राएँ संस्था द्वारा कराई जाती रही हैं।
संस्था के संयोजक इंद्र डोडवानी एवं पूर्व अध्यक्ष नँदलाल मुलवानी द्वारा यात्रा की रूपरेखा के बारे में बताया गया कि इस बार संस्था द्वारा रायपुर शहर से संजीवनी व आनंद आश्रम के वृद्ध माता पिताओं के साथ 36 गढ़ के 13 शहरों से बढ़ते कदम इकाइयों द्वारा चयनित माता पिताओं को शामिल किया गया है,ताकि अन्य शहरों में भी बुजुर्गों के प्रति दायित्वबोध की जागरूकता बढ़े। मीडिया प्रभारी राजू झामनानी व प्रवक्ता सुंदर बजाज द्वारा आगे बताया गया कि भगवान जगन्नाथपुरी धाम के लिए तीर्थयात्रा 14 नवंबर को दुर्ग-पूरी एक्सप्रेस ट्रेन से रवाना होकर 17 नवंबर की सुबह सकुशल वापसी हो जानी है।
संस्था द्वारा इस बात का विशेष ध्यान रखा गया कि सभी बुजुर्ग एवं सेवादारी 17 नवंबर को सुबह समय से पहुंचकर सर्वप्रथम अपने मताधिकार का प्रयोग जरूर करें। यात्रा को सुगम व बुजुर्गों को सभी सुविधाएं उपलब्ध कराने के उद्देश्य से संस्था सेवादारों का एक 10 सदस्यीय अगवान टीम एक दिन पूर्व जाकर सभी तीर्थयात्रियों के लिए खानपान,रहने व अन्य मूलभूत सुविधाएँ मुहैया कराते हैं।