दंतेवाड़ा : नाबालिग से छेड़छाड़ मामले में पास्टर को न्यायालय शैलेश शर्मा अपर सत्र न्यायाधीश विशेष (एफटीसी) ने पांच वर्ष कारावास की सजा सुनाई है। इसके साथ ही अलग-अलग धाराओं में दोषी पास्टर हेमंत सोना को सजा के साथ दो लाख रुपये का अर्थ दंड भी लगाया है। पीड़िता व उसके परिजन प्रार्थना भवन में जाने से पीड़िता व उसके परिवार और अभियुक्त के मध्य पारिवारिक संबंध बन गया था। अभियुक्त पीड़िता के परिवार की अनुपस्थिति में पीड़िता के घर जाकर उसके हाथ पकड़कर गलत तरीके से उसे छूता था और फोटो लेकर शारीरिक संबंध बनाने के लिए दबाव बनाता था। पीड़िता को घर में बताने के लिए कहने पर धमकी देता था। अभियुक्त द्वारा पीड़िता के मोबाईल में किए चैट्स के लिए गए स्क्रीनशाट, इंस्टाग्राम पर अपलोड किए फोटो की स्क्रीनशाट को पुलिस ने जब्त कर उसके विरुद्ध प्रथम रिपोर्ट दर्ज कर मामला में विवेचना पूर्ण होने पर अभियोग पत्र विशेष न्यायालय एफटीसी में प्रस्तुत किया। जहाँ से उसे जेल भेज दिया गया था।
इस पर घटना पर न्यायाधीश ने आरोपी के विरुद्ध प्रमाण सिद्ध होने पर पांच वर्ष की सजा व दो लाख रुपये का अर्थ दंड लगाया। अर्थदंड की अदायगी न किए जाने पर अभियुक्त को प्रत्येक अर्थदंड के ना चुकाने पर क्रमश: छह-छह माह का अतिरिक्त सश्रम कारावास भुगतना होगा होगा। अभियुक्त को दी गईं सभी सजाएं साथ-साथ चलेंगी। अभियोजक की ओर से नीलिमा वर्मा अपर लोक अभियोजक ने पक्ष रखा। अब इस मुद्दे पर पीड़िता को न्याय मिल गया है और आरोपी जेल में है।