बीजिंग (चीन) : चीन में इस्लाम को लेकर जितनी कड़ाई है उतनी अन्य किसी भी देश में नहीं है, उईगर मुस्लिमों पर अत्याचार के मामले में चीन का कोई सानी नहीं है, एक-एक उईगर मुस्लिमों पर चीन की ख़ुफ़िया निगरानी है। चीन में अरबी शैली में बनी आखिरी बड़ी मस्जिद की इमारत में अब कई बदलाव कर दिये गये हैं, अब इसके बाद यहाँ कोई भी आम मस्जिद नहीं बची है। यहाँ मस्जिद के गुंबद और मीनारों को पूरे तरह से बदल दिया गया है। मस्जिद की इमारत को इस तरह से बदला गया है कि ये अरबी शैली के बजाय चीनी अंदाज की इमारत लगे। ये बदलाव देश की मस्जिदों का चीनीकरण किए जाने के सरकारी अभियान के तहत किए जा रहे हैं। इसी के तहत मस्जिद के गुंबद और मीनारें हटाई गई हैं। मस्जिद के ऊपर लगे अर्धचंद्र और टाइलों को भी कम कर दिया गया है। चीन के शिनजियांग प्रांत में खासतौर से ये अभियान चलाया गया। शिनजियांग प्रांत के कम्युनिस्ट पार्टी के नेता जिंगरुई ने हाल ही में कहा था कि मुस्लिम बहुल प्रांत में इस्लाम का चीनीकरण जरूरी था। इस्लाम को लेकर उन्होंने अपनी कड़ी प्रतिक्रिया भी दी।
चीन में बीते कुछ समय में लगातार मस्जिदों में बदलाव किया गया है। मस्जिदों की अरबी स्टाइल की विशेषताएं हटाते हुए इनको चीनी शैली में बदल दिया गया है। चीनी सरकार ने 2018 में ‘इस्लाम के चीनीकरण’ के लिए पांच साल के प्लान का ऐलान किया था। इसी योजना के तहत ये किया जा रहा है। इस प्लान का उद्देश्य विदेशी वास्तुकला शैली का विरोध करना और चीनी विशेषता वाली इस्लामिक वास्तुकला को बढ़ावा देना है। वहीँ पहले से इस्लाम से सम्बंधित त्यौहार मनाने मस्जिद में नमाज और बुर्के आदि पर पहले से ही पाबन्दी लगाई हुई है।
2016 में शुरू हुई इस अभियान की चर्चा :
सब्सक्राईब करें हमारा यूट्यूब चैनल : https://www.youtube.com/@MachisFilmProduction/
‘इस्लाम के चीनीकरण’ की अवधारणा पर अप्रैल 2016 में राष्ट्रीय धार्मिक कार्य सम्मेलन के दौरान शी जिनपिंग ने बात की थी। उन्होंने धर्मों को समाज के अनुकूल बनाने और चीनी संस्कृति के साथ धार्मिक मान्यताओं के एकीकरण की वकालत की थी। इससे इस्लाम के चीनीकरण की बहस ने जोर पकड़ा। साल 2017 में चीनी सरकार ने मुस्लिमों को लेकर सख्त रुख अपनाना शुरू किया। 2017 के बाद से चीन ने मुसलमानों पर की गई कार्यवाहियों को ‘धार्मिक अतिवाद’ को खत्म करने का प्रयास बताया है। इसमें उइगर मुस्लिमों के बहुत से धार्मिक अनुष्ठानों को प्रतिबंधित किया गया और बड़ी तादाद में गिरफ्तारियां भी की गईं। शिनजियांग में मस्जिदों को तोड़ने के आरोप भी चीनी अफसरों पर लगे हैं। वहीँ चीन की कड़ाई में मुस्लिम समुदाय काफी प्रताड़ित है, जो कि दुनिया के किसी भी अन्य देश में नहीं है। चीन में मुस्लिमों के साथ भेदभाव की लगातार चर्चा हो रही है। ये बहस हाल ही में तब शुरू हुई जब चीन ने अरबी शैली में बनी आखिरी बड़ी मस्जिद में भी बदलाव करते हुए उसे चीनी वास्तुकला से बदल दिया।
छोटी – छोटी नवकन्या घर आये , पूरा सुने यह मधुर भजन और हमारे चैनल को सब्सक्राईब करें, इस लिंक पर क्लिक करें : https://www.youtube.com/watch?v=8OLfH1w-yBw



