रायपुर : राजधानी रायपुर का सबसे बड़ा आस्था का केंद्र महादेवघाट है, अब इस परिसर के सौंदर्यीकरण का खाका तैयार किया गया है। यहाँ प्राचीन मंदिरों को नया स्वरूप दिया जायेगा और सड़कें भी चौड़ी होंगी। गार्डन भी आकर्षक ढंग से बनेगा। इसके लिए 50 करोड़ का प्लान तैयार किया गया है। यहाँ रायपुर चौक से महादेव घाट तक जाम लग जाता है। इस क्षेत्र में बसाहट भी काफी बढ़ गई है।
यहाँ एक चौड़ी सड़क विसर्जन कुंड से टाटीबंध होकर चंदनीडीह तक जायेगी। इससे दुर्गा पूजा और गणेश उत्सव के दौरान मूर्तियों के विसर्जन के दौरान शहर के लोगों को काफी सुविधा होगी। महादेव घाट का स्वरूप अब और अधिक भव्य और आकर्षक होगा। उज्जैन के महाकाल कॉरिडोर की तर्ज पर महादेव कॉरिडोर का निर्माण किया जायेगा। ये काम तीन सरकारी एजेंसियां नगर निगम, पीडब्ल्यूडी और सिंचाई विभाग मिलकर करेगा। इससे महादेव घाट का भव्य स्तर पर कायाकल्प होगा।
वहीँ अब नगर निगम के चार महत्वपूर्ण प्रोजेक्ट में से एक महादेव घाट कॉरिडोर तय बजट से लगभग 8 प्रतिशत कम करके 17 करोड़ 60 लाख में तैयार होगा। इसके लिए 18 करोड़ रुपये का अनुमानित बजट तैयार किया गया था, पहले ही टेंडर में कम दर आने के कारण निगम ने टेंडर स्वीकृत करने के बाद मूल्य तय करने के लिये शासन को भेज दिया गया है।
इसके अलावा तेलीबांधा टॉवर, बूढ़ापारा सीएसईबी ऑफिस से टिकरापारा होते हुए पचपेढ़ी नाका तक गौरवपथ एवं शहर के 18 चौक-चौराहों को यातायात के लिए तैयार करने संबंधी टेंडर स्वीकृति के बाद निगम ने शासन को मूल्य तय करने के लिए भेज दिया है। इस सप्ताह मूल्य तय होते ही भूमिपूजन के बाद नये साल से इन सभी प्रोजेक्ट पर काम शुरू कर दिए जाएंगे। इन सभी प्रोजेक्ट पर लगभग 108 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इन सभी को लेकर अधिकारियों ने बताया कि इन सभी टेंडर्स में केवल 18 जंक्शन के लिए दूसरी बार टेंडर की नौबत आई है। शेष सभी में पहली बार ही अच्छी दर आ गई थी। इनमें से रायपुर कंस्ट्रक्शन को गौरवपथ और 18 चौक-चौराहों का ठेका मिला है। इससे पूर्व इस एजेंसी ने यूथ हब चौपाटी का भी काम किया था। शेष अन्य प्रोजेक्ट का काम भी तगड़ी प्रतिस्पर्धा के बाद रायपुर की ही एजेंसियों ने ही हथिया लिया है।



