ऑनलाईन सट्टाबाजी का बड़ा खुलासा, लाखों रूपये नगद के साथ 6 आरोपी गिरफ्त में, आईडी लेकर सट्टा खेलने वालों पर भी होगी कार्यवाही।

रायपुर : राजधानी रायपुर में सट्टेबाजों के खिलाफ ‘रायपुर कमिश्नरेट’ ने अब तक की सबसे बड़ी कार्यवाही की है। यहाँ टी-20 वर्ल्ड कप शुरू होने से पहले ही एंटी क्राइम एंड साईबर यूनिट और गंज थाना पुलिस की संयुक्त टीम ने ऑनलाइन सट्टा संचालित करने वाले एक हाई-प्रोफाइल गिरोह का खुलासा किया है। इस मामले में बीती रात पुलिस ने नागोराव गली अंडरब्रिज के पास से 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। आरोपियों के पास से 37.50 लाख रुपए नगद, 10 मोबाईल और तीन लग्जरी कारें बरामद की गई है। जब्त संपत्ति की कुल कीमत करीब 92.50 लाख रुपए आंकी गई है।

यह मामला गंज थाना क्षेत्र का है। दरअसल, पुलिस की सूचना मिली थी कि अंडरब्रिज के पास थार और नेक्सा कार में बैठे लोग मोबाइल के जरिए ऑनलाईन क्रिकेट सट्टा खिला रहे हैं। सूचना के आधार पर पुलिस टीम मौके पर पहुंची। इसके बाद घेराबंदी कर 6 आरोपियों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपियों में रखब देव पाहुजा, पीयूष जैन, जितेन्द्र कुमार कृपलानी उर्फ जित्तू, दीपक अग्रवाल, कमल राघवानी और सचिन जैन के नाम शामिल हैं। इनके पास से तलाशी के दौरान पुलिस ने नगद और मोबाईल बरामद किए। 37.50 लाख रुपए कैश, 10 मोबाइल, 2 महिंद्रा थार और 1 नेक्सा एक्सएल कार जब्त की गई।

मामले की जांच में सामने आया है कि आरोपी jmdbet777.com और Classic777.com जैसी वेबसाईटों के जरिए मास्टर आईडी बनाकर ऑनलाइन क्रिकेट सट्टा खिला रहे थे। जब पुलिस ने उसने दस्तावेज मांगा तो वे कोई वैध दस्तावेज पेश नहीं कर पाए। ऐसे में पुलिस ने सभी को गिरफ्तार कर थाने ले गई। इस पूरी कार्यवाही की वीडियोग्राफी भी की गई है। गंज थाना पुलिस ने सभी आरोपियों के खिलाफ छत्तीसगढ़ जुआ (प्रतिषेध) अधिनियम 2022 की धारा 7 और भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 112(2) के तहत मामला दर्ज किया है।

पुलिस अधिकारियों का कहना है कि ऑनलाइन सट्टा नेटवर्क की आगे भी जांच जारी है। आरोपियों के संपर्क और डिजिटल लेन-देन की जानकारी खंगाली जा रही है। आने वाले दिनों में और खुलासे होने की संभावना है। पुलिस उपायुक्त (क्राइम) स्मृतिक राजनाला ने बताया कि जब्त की गई नगदी के पीछे हवाला ट्रांजैक्शन और म्यूल बैंक खातों (फर्जी बैंक खाते) के साक्ष्य मिले हैं। पुलिस अब इनका ‘फाइनेंशियल इन्वेस्टिगेशन’ कर रही है ताकि सट्टे की काली कमाई की पूरी चेन का खुलासा किया जा सके। पुलिस उपायुक्त (क्राइम) स्मृतिक राजनाला ने बताया कि जब्त की गई नगदी के पीछे हवाला ट्रांजैक्शन और म्यूल बैंक खातों (फर्जी बैंक खाते) के साक्ष्य मिले हैं। वहीँ पुलिस ने अब उन ग्राहकों की भी सूची तैयार कर ली है जो इन आरोपियों से आईडी लेकर सट्टा खेलते थे। जल्द ही उन पर भी वैधानिक कार्यवाही की जायेगी।