रायपुर : बेमेतरा के कपड़ा कारोबारी कीर्ति किशोर वर्मा की खुदकुशी मामले में कोर्ट ने रायपुर के पांच कपड़ा कारोबारियों विक्की गेंदवानी, विशाल मोटवानी, सुरेश मोटवानी उर्फ सोनू, दिनेश मूलानी और श्रेयांश नाहटा को 10 साल की सजा दी है। कपड़ा कारोबारी कीर्ति को लगातार फोन कर रहे थे। उनसे उधार का पैसा वापस मांग रहे थे। लगातार फोन से परेशान होकर कीर्ति ने खुदकुशी कर ली। उसने सुसाइड नोट में लिखा कि वह पांच कपड़ा कारोबारियों से परेशान होकर खुदकुशी कर रहा है।
मामला 27 सितंबर 2021 क़ा है बेमेतरा शहर के युवा व्यापारी कीर्ति किशोर वर्मा शिवनाथ नदी किनारे बेहोशी के हालात में मिला था परिजनों को जब सूचना मिली तो मौके पर पहुंचे तो जहर सेवन की जानकारी हुई तत्काल जिला अस्पताल भेजा गया जहां इलाज के दौरान मौत हो गई।
कोर्ट ने दो साल की सुनवाई के बाद सभी को 10-10 साल की जेल और आर्थिक दंड दिया है। कोर्ट के फैसले को लेकर शनिवार को रायपुर पंडरी कपड़ा मार्केट कारोबारी संघ ने बैठक ली। उन्होंने लोअर कोर्ट के फैसले को हाईकोर्ट में चुनौती देने की बात कही है। कारोबारियों की नाराजगी है कि कपड़ा का कारोबार उधार में चलता है। राज्य के छोटे-छोटे कारोबारी उधार में कपड़ा ले जाते हैं। कीर्ति किशोर भी कपड़ा मार्केट के पांच दिनों से कपड़ा ले जाता था। उसने लाखों रुपए का कपड़ा लिया, लेकिन उसका भुगतान नहीं किया। वह गुमराह करते रहा।
इस मामले में अमर पारवानी ने दिया ये जवाब :
जब भी किसी व्यापारिक मामले में अमर पारवानी को हमारी टीम द्वारा संपर्क किया गया है, तो या तो उन्होंने फ़ोन नहीं उठाया, या फ़ोन उठाया तो कहा मीटिंग में हूँ बाद में काल करता हूँ, और अभी उपरोक्त मामले में कॉल करने पर कहा शाम को चैम्बर भवन आकर मिलिये।