लोहरदगा (झारखण्ड) : IT रेड को लेकर चर्चा में आए धनकुबेर धीरज साहू को झारखंड से कांग्रेस की राजनीति में आगे बढ़ाने का श्रेय प्रदेश कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष को जाता है। बता दें कि कांग्रेस की पारिवारिक पृष्ठभूमि के चलते धीरज साहू का पार्टी से जुड़ाव 1977 में ही हुआ था। 64 वर्षीय धीरज साहू सबसे पहले एनएसयूआई से जुड़े। इसके बाद जिला कमेटी और राज्य कमेटी में शामिल हुए। धीरज साहू का परिवार झारखंड का एक बड़ा व्यवसायिक घराना है। देसी शराब के कारोबार से लेकर होटल व्यवसाय और कई बड़ी कंपनियों की एजेंसियां इनके पास है। ऑटोमोबाइल सेक्टर में भी इस परिवार का निवेश रहा है। इसके अलावा बाटलिंग प्लांट, अस्पताल समेत कई एफएमसीजी कंपनियों की एजेंसी इस परिवार के पास है।
कांग्रेस सांसद धीरज साहू के रांची के घर से 351 करोड़ नगद मिलने के बाद इनकम टैक्स विभाग की टीम घर के अंदर मिट्टी की खुदाई करने की योजना बना रही है। मंगलवार शाम इनकम टैक्स विभाग की टीम जियो सर्विलांस सिस्टम मशीन लेकर पहुंची थी। इस मशीन के जरिए ये पता लगाया जा सकता है कि घर मे अंदर जमीन में किसी तरह का सोना या धातु तो नही छिपाया हुआ है।
इनकम टैक्स विभाग ने 6 दिसंबर को बौध डिस्टलरी और इसके प्रोमोटर्स के यहां टैक्स चोरी मामले में छापेमारी शुरू की थी। पश्चिम बंगाल, उड़ीसा समेत रांची के रेडियम रोड पर धीरज साहू के घर छापे के दौरान अलमारी से अभी तक 351 करोड़ कैश बरामद हुए हैं। आपको बता दें की आज तक नगद के रूप में पकड़ी गई रकम में यह सबसे बड़ी जब्त रकम है, जिसे जब्त कर नजदीकी स्टेट बैंक की शाखा में रखवाया गया था, इस रकम को गिनने के लिये 40 मशीनें लगाई थी, जिसमें से 8 मशीनें ख़राब हो गई थी।
अब इनकम टैक्स विभाग इस बात की पड़ताल करने में जुटी है कि धीरज साहू के घर के अंदर जमीन में सोना, आभूषण या कोई धातु तो नही है। इसको लेकर विभाग की टीम जियो सर्विलेंस मशीन भी लेकर गई है। इनकम टैक्स विभाग की टीम पूरे घर के चप्पे-चप्पे के साथ ही मिट्टी के अंदर दबे खजानों की भी पड़ताल कर रही है।
इसके साथ ही रांची से 90 किलोमीटर दूर लोहरदगा में धीरज के व्हाइट हाउस की भी जियो मशीन से जांच की जा सकती है। क्योंकि शुरुआती छापे में 11 करोड़ रुपए की नकदी इसी मकान से मिली थी। जानकारों की मानें तो शराब का काम ज्यादातर कैश में ही डील होता है, मान लीजिए एक बोतल की कीमत 1000 रुपए है तो ट्रक में एक बार मे लगभग 50 लाख की शराब निकलती है अगर दिन में 100 ट्रक निकलते है तो नगद का अंदाजा लगाया जा सकता है। अब तक मिले नगद में से धीरज साहू और उससे संबंधित फर्म्स ने कितने की टैक्स चोरी की है इसी का आकलन आयकर विभाग कर रहा है।